जयपुर। प्रदेश में हाल ही में हुए निकाय चुनाव में कथित गड़बड़ी और पार्षदों पर दबाव बनाने के आरोपों को लेकर कांग्रेस मंगलवार को राज्य निर्वाचन आयोग पहुंची। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने निर्वाचन आयुक्त राजेश्वर सिंह को ज्ञापन सौंपकर मामले की निष्पक्ष जांच और दोषी अधिकारियों-कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
डोटासरा ने आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान कांग्रेस प्रत्याशियों के नामांकन में भेदभाव किया गया। उन्होंने यह भी दावा किया कि बोर्ड गठन के दौरान कुछ कांग्रेस पार्षदों पर दबाव बनाया गया और कुछ को कथित तौर पर भाजपा के कैंप में ले जाया गया। उन्होंने लॉटरी प्रक्रिया में पारदर्शिता नहीं होने और चुनाव के दौरान दर्ज 152 एफआईआर का मुद्दा भी आयोग के सामने रखा।
नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने भी सरकारी मशीनरी के दुरुपयोग का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि कुछ पार्षदों और उनके परिजनों पर दबाव बनाया गया तथा विभिन्न विभागों के अधिकारियों का इस्तेमाल किया गया।
कांग्रेस ने कथित तौर पर राजनीतिक दबाव में काम करने वाले अधिकारियों की जांच की मांग की। वहीं, निर्वाचन आयुक्त राजेश्वर सिंह ने प्रतिनिधिमंडल को भरोसा दिया कि शिकायतों और उपलब्ध कराए गए सबूतों की जांच की जाएगी। आरोप सही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
प्रतिनिधिमंडल में पूर्व मंत्री बीडी कल्ला, उदयलाल आंजना, सांसद मुरारीलाल मीणा, विधायक रफीक खान और पूर्व विधायक संयम लोढ़ा समेत अन्य नेता मौजूद रहे।



