Ashok Gehlot On Fuel Crisis: राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने राज्य में कई जगह पेट्रोल पंपों पर ईंधन खत्म होने की खबरों का उल्लेख करते हुए मंगलवार को भजनलाल सरकार पर निशाना साधा, उन्होंने सरकार के दावों को लेकर सवाल उठाए. गहलोत ने कहा कि एक तरफ सरकार यह दावा करती है कि किसी तरह की कोई कमी नहीं है, जबकि दूसरी तरफ पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल-डीजल के बेचने पर लिमिट लगा दी गई है. ऐसे में उन्होंने मांग की कि सरकार इस बारे में सच जनता को बताए ताकि लोग आने वाली किसी भी स्थिति के लिए तैयार रहें.
‘जोधपुर में सीमित मात्रा में ही पेट्रोल-डीजल दिया जा रहा’
पूर्व सीएम अशोक गहलोत ने सोशल प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा-कल आवास पर जोधपुर से मिलने आए कई आगुंतकों ने बताया कि जोधपुर में पेट्रोल पंपों पर सीमित मात्रा में ही पेट्रोल-डीजल दिया जा रहा है और बहुत से पेट्रोल पंपों पर डीजल-पेट्रोल उपलब्ध नहीं है. उनके अनुसार इससे जोधपुर से जयपुर तक आते हुए 3-4 बार पेट्रोल-डीजल भरवाना पड़ रहा है क्योंकि 1000 रुपये से अधिक का फ्यूल नहीं दिया जा रहा है. LPG सिलेंडर भी कई-कई दिनों तक नहीं मिल रहे हैं.
कल आवास पर जोधपुर से मिलने आए कई आगुंतकों ने बताया कि जोधपुर में पेट्रोल पंपों पर सीमित मात्रा में ही पेट्रोल-डीजल दिया जा रहा है और बहुत से पेट्रोल पंपों पर डीजल-पेट्रोल उपलब्ध नहीं है। जोधपुर से जयपुर तक आते हुए तीन-चार बार पेट्रोल-डीजल भरवाना पड़ रहा है क्योंकि 1000 रुपये से…
— Ashok Gehlot (@ashokgehlot51) May 19, 2026
सरकार के दावों पर उठाए सवाल
गहलोत ने आगे कहा कि सरकार कह रही है कि पेट्रोल-डीजल- एलपीजी की कोई कमी नहीं है. पेट्रोल पंप मालिकों से इसकी जानकारी लेने पर वे बता रहे हैं कि सरकार ने मौखिक आदेश देकर सीमित मात्रा में पेट्रोल-डीजल देने के लिए कहा है. इसीलिए पेट्रोल पंपों पर लम्बी लाइन लग रही है.
‘संकट के समय सच बताए सरकार’
उन्होंने कहा- आज मीडिया में खबरें हैं कि जोधपुर के 40% पेट्रोल पंप ड्राई हो चुके हैं. यह संकट का समय है इसलिए सरकार को जनता के सामने असत्य बोलने एवं गुमराह करने की बजाय सच बताए जिससे जनता आने वाली परेशानी के लिए तैयार रहे और कोई वैकल्पिक व्यवस्था भी हो सके. अपुष्ट जानकारियों से अफवाह फैलती है जिससे जनता भ्रमित होती है और उथल-पुथल की स्थिति बनती है.
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