ग्वालियर: आमतौर पर स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) का गठन हत्या, डकैती या बड़े आपराधिक मामलों की जांच के लिए किया जाता है। लेकिन मध्य प्रदेश के ग्वालियर से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने हर किसी का ध्यान खींच लिया है। यहां पिछले पांच महीने से लापता ‘लड्डू गोपाल’ की मूर्ति की तलाश के लिए पुलिस ने SIT का गठन किया है।
5 महीने पहले हुए थे लापता
जानकारी के मुताबिक, शहर की रहने वाली विजया शर्मा करीब पांच महीने पहले बाजार गई थीं। इसी दौरान उनके साथ रखा लड्डू गोपाल का विग्रह कहीं गुम हो गया। परिवार के लिए यह सिर्फ एक मूर्ति नहीं, बल्कि गहरी आस्था और भावनाओं से जुड़ी धरोहर है। बताया जा रहा है कि यह लड्डू गोपाल करीब 30 साल पुराने थे और उनकी दिवंगत मां की आखिरी निशानी भी थे।मामले की गंभीरता और लगातार मिल रही शिकायतों को देखते हुए ग्वालियर रेंज के आईजी ने विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया है। इस टीम में तीन थाना क्षेत्रों की पुलिस को शामिल किया गया है, जो अलग-अलग स्तर पर जांच कर रही है। पुलिस आसपास के सीसीटीवी फुटेज, स्थानीय लोगों से पूछताछ और अन्य संभावित सुरागों के आधार पर लड्डू गोपाल की तलाश में जुटी हुई है।
परिवार ने लड्डू गोपाल को खोजकर लाने वाले व्यक्ति के लिए इनाम की भी घोषणा की है। परिवार का कहना है कि उनके लिए मूर्ति की कीमत पैसों से नहीं, बल्कि भावनाओं और आस्था से जुड़ी है।भगवान की तलाश के लिए SIT गठित होने का यह मामला पूरे इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है। सोशल मीडिया पर भी लोग इस खबर पर अपनी प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। कई लोग इसे आस्था से जुड़ा मामला बता रहे हैं, जबकि कुछ लोग पुलिस की संवेदनशीलता की सराहना कर रहे हैं।फिलहाल पुलिस का कहना है कि जांच जारी है और सभी संभावित पहलुओं पर काम किया जा रहा है। अधिकारियों को उम्मीद है कि जल्द ही इस मामले में कोई महत्वपूर्ण सुराग मिल सकता है।



