Wednesday, August 5, 2026
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कोविड काल के आंदोलन मामले में विधायक रविन्द्र भाटी को बड़ी राहत, उदयपुर कोर्ट ने सभी आरोपों से किया बरी

शिव विधायक रविन्द्र सिंह भाटी को कोविड काल में छात्रों के समर्थन में किए गए आंदोलन से जुड़े मामले में उदयपुर कोर्ट ने सभी आरोपों से बरी कर दिया। अदालत ने राजकार्य में बाधा और महामारी अधिनियम सहित सभी आरोपों से दोषमुक्त किया।

उदयपुर। शिव विधानसभा क्षेत्र के विधायक रविन्द्र सिंह भाटी को कोविड-19 महामारी के दौरान दर्ज एक पुराने मामले में बड़ी कानूनी राहत मिली है। उदयपुर की अदालत ने वर्ष 2021 में छात्रों के समर्थन में हुए प्रदर्शन से जुड़े प्रकरण में सभी आरोपों से उन्हें दोषमुक्त कर दिया। अदालत ने अभियोजन और बचाव पक्ष की दलीलें सुनने के साथ ही विधायक भाटी के बयान दर्ज करने के बाद यह फैसला सुनाया। कोर्ट के निर्णय के बाद भाटी ने संक्षिप्त प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “सत्यमेव जयते।”

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कोविड काल के आंदोलन से जुड़ा था मामला

यह मामला वर्ष 2021 का है, जब कोरोना महामारी के दौरान पूरे प्रदेश में कई तरह की पाबंदियां लागू थीं और उदयपुर में धारा 144 प्रभावी थी। उस समय रविन्द्र सिंह भाटी छात्र राजनीति से जुड़े हुए थे और ग्रामीण व आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों की स्कूल फीस माफ करने की मांग को लेकर उदयपुर पहुंचे थे।

छात्रों के समर्थन में कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन आयोजित किया गया था, जिसमें बड़ी संख्या में छात्र शामिल हुए। प्रशासन ने इसे धारा 144 के उल्लंघन के रूप में देखा और प्रदर्शन के बाद भूपालपुरा थाने में रविन्द्र भाटी सहित अन्य लोगों के खिलाफ सरकारी आदेश की अवहेलना, राजकार्य में बाधा और महामारी अधिनियम से संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया।

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2024 में जारी हुआ था गिरफ्तारी वारंट

मामले की सुनवाई के दौरान अक्टूबर 2024 में उदयपुर कोर्ट ने रविन्द्र सिंह भाटी के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया था। इसके बाद उन्होंने नवंबर 2024 में अदालत में आत्मसमर्पण किया, जहां उन्हें मुचलके पर जमानत मिल गई। उस समय भाटी ने इस कार्रवाई को राजनीतिक दुर्भावना से प्रेरित बताते हुए आरोप लगाया था कि युवाओं की आवाज दबाने का प्रयास किया जा रहा है।

कोर्ट ने सभी आरोपों से किया दोषमुक्त

मामले में विधायक भाटी की ओर से पैरवी कर रहे अधिवक्ता भूपेन्द्र सिंह चुंडावत ने बताया कि अदालत ने सरकारी अधिकारी के आदेश की अवहेलना, राजकार्य में बाधा पहुंचाने तथा महामारी अधिनियम के तहत लगाए गए सभी आरोपों से रविन्द्र सिंह भाटी को बरी कर दिया है। अदालत के इस फैसले के बाद उनके समर्थकों में खुशी का माहौल है और इसे उनके लिए बड़ी कानूनी राहत माना जा रहा है।

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