जयपुर। राजस्थान में गांव की सरकार चुनने के लिए पंच और सरपंच चुनाव का मतदान जारी है। प्रदेश की 3,626 ग्राम पंचायतों में सुबह 7 बजे से वोटिंग शुरू हुई, जो शाम 6 बजे तक चलेगी। इस चुनाव में 1 करोड़ 6 लाख से अधिक मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे। प्रदेशभर में 3,326 सरपंच और 33,804 वार्ड पंचों के चुनाव के लिए मतदान कराया जा रहा है। चुनाव को लेकर मतदान केंद्रों पर मतदाताओं में उत्साह देखने को मिल रहा है।
3,626 पंचायतों में बनाए गए 11,799 मतदान केंद्र
राजस्थान में पंच-सरपंच चुनाव के लिए प्रदेशभर में कुल 11 हजार 799 पोलिंग स्टेशन बनाए गए हैं। यहां मतदाता अपने गांव के प्रतिनिधियों को चुनने के लिए वोट डाल रहे हैं। इस चुनाव की खास बात यह है कि मतदान EVM के बजाय बैलेट पेपर के माध्यम से कराया जा रहा है। मतदाताओं को सरपंच और वार्ड पंच प्रत्याशियों के लिए अलग-अलग मतदान करना होगा।
शाम 6 बजे तक होगा मतदान
पंचायत चुनाव के लिए मतदान सुबह 7 बजे शुरू हुआ है और शाम 6 बजे तक जारी रहेगा। मतदाता निर्धारित समय के भीतर अपने मतदान केंद्र पर पहुंचकर वोट डाल सकेंगे। चुनाव में 1.06 करोड़ से अधिक मतदाताओं की भागीदारी से गांवों की नई पंचायत सरकार का फैसला होगा।
पहले वार्ड पंच, फिर सरपंच के वोटों की होगी गिनती
मतदान समाप्त होने के बाद मतगणना की प्रक्रिया शुरू होगी। सबसे पहले वार्ड पंच के वोटों की गिनती की जाएगी। इसके बाद सरपंच पद के लिए डाले गए वोटों की गणना होगी। चुनाव के नतीजे देर रात तक घोषित होने की संभावना है। इसके साथ ही प्रदेश की हजारों पंचायतों में नए पंच और सरपंचों के नाम सामने आएंगे।
गांव की सरकार चुनने के लिए मतदाताओं में उत्साह
राजस्थान के इन पंचायत चुनावों को ग्रामीण लोकतंत्र के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। पंच और सरपंच गांव के विकास, स्थानीय समस्याओं और जनहित से जुड़े कार्यों में अहम भूमिका निभाते हैं। ऐसे में मतदाताओं की नजर चुनाव परिणामों पर बनी हुई है।



