जयपुर (प्रज्ञा पांडे)। राजस्थान में मानसून की सक्रियता के बावजूद प्रदेश के जलाशयों की स्थिति पूरी तरह संतोषजनक नहीं हो पाई है। राज्य में लगातार बारिश के बाद बांधों में पानी की आवक बढ़ी है, लेकिन अब भी 253 बांध पूरी तरह खाली पड़े हैं। सामान्य से 18 फीसदी कम बारिश के कारण प्रदेश में जल संकट की चिंता बनी हुई है। जल संसाधन विभाग की रिपोर्ट के अनुसार, राजस्थान के 693 बड़े, मध्यम और छोटे बांधों में कुल जलभराव क्षमता का सिर्फ 47.87 प्रतिशत पानी ही मौजूद है। पिछले 24 घंटे में बांधों में करीब 39.24 मिलियन क्यूबिक मीटर (एमसीएम) पानी की आवक हुई है, जिससे जलस्तर में कुछ सुधार जरूर हुआ है। प्रदेश के बांधों की कुल जल भंडारण क्षमता 13,029.09 एमसीएम है, जबकि वर्तमान में इनमें करीब 6,237.46 एमसीएम पानी उपलब्ध है।
पिछले साल के मुकाबले काफी पीछे राजस्थान
पिछले साल इसी समय तक राजस्थान के बांधों में करीब 75.55 प्रतिशत जलभराव था, जबकि इस बार यह आंकड़ा घटकर 47.87 प्रतिशत रह गया है। यानी पिछले वर्ष की तुलना में इस बार करीब 3,606 एमसीएम पानी कम दर्ज किया गया है। हालांकि लगातार बारिश से कुछ बड़े जलाशयों में पानी तेजी से बढ़ रहा है। प्रदेश के 23 प्रमुख बांधों में जलभराव बढ़कर 57.72 प्रतिशत तक पहुंच गया है।
कौन-कौन से बांधों में कितना पानी?
मोरेल बांध: 100 प्रतिशत (पूरी तरह भरा)
कोटा बैराज: 96.43 प्रतिशत
जवाहर सागर बांध: 70.28 प्रतिशत
सोम-कमला-अंबा परियोजना: 67.99 प्रतिशत
राणा प्रताप सागर: 66.89 प्रतिशत
बीसलपुर बांध: 65.60 प्रतिशत
वहीं जयपुर की लाइफलाइन माने जाने वाला बीसलपुर बांध राहत देने वाली स्थिति में है, जबकि रामगढ़ बांध अब भी पूरी तरह खाली है। राजस्थान के अलग-अलग जोन में बांधों की स्थिति अलग-अलग है। सबसे बेहतर स्थिति कोटा जोन की है, जहां जलभराव 60.91 प्रतिशत तक पहुंच चुका है। राजस्थान में 1 जून से अब तक औसतन 181.8 मिमी बारिश दर्ज की गई है, जबकि सामान्य बारिश का आंकड़ा 221.4 मिमी है। यानी प्रदेश में अब तक करीब 18 प्रतिशत कम बारिश हुई है।
जयपुर जोन: 48.05 प्रतिशत
बांसवाड़ा जोन: 47.58 प्रतिशत
उदयपुर जोन: 37.82 प्रतिशत
भरतपुर जोन: 26.03 प्रतिशत
जोधपुर जोन: 18.59 प्रतिशत
18 प्रतिशत कम बारिश बनी बड़ी वजह
बारिश की कमी कई जिलों में ज्यादा देखने को मिली है। वहीं बाड़मेर, बीकानेर, सीकर और जोधपुर जैसे जिलों में सामान्य से अधिक बारिश दर्ज की गई है।
बांसवाड़ा: 49% कम
सवाई माधोपुर: 42% कम
करौली: 40% कम
कोटा: 37% कम
जालौर: 37% कम
पाली: 36% कम
जयपुर: 32% कम
मौसम विभाग के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम राजस्थान में बना लो प्रेशर सिस्टम अभी सक्रिय है, जिसके कारण कई इलाकों में बारिश हुई है। आने वाले दिनों में बीकानेर, शेखावाटी, जयपुर और भरतपुर संभाग के कई क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि अगस्त महीने में अच्छी बारिश होती है तो प्रदेश के बांधों का जलस्तर तेजी से सुधर सकता है। लेकिन बारिश का मौजूदा रुझान जारी रहा तो कई इलाकों में पानी की उपलब्धता को लेकर चिंता बढ़ सकती है। फिलहाल मानसून से राहत जरूर मिली है, लेकिन 253 सूखे बांध और सामान्य से कम बारिश राजस्थान के लिए बड़ी चुनौती बने हुए हैं।



