जयपुर। केंद्रीय मंत्री प्रल्हाद जोशी ने राहुल गांधी और कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि भारत में सत्ता परिवर्तन का एकमात्र संवैधानिक और लोकतांत्रिक रास्ता चुनाव है। उन्होंने राहुल गांधी के ‘रिजीम चेंज’ संबंधी बयान पर सवाल उठाते हुए बांग्लादेश का उदाहरण दिया। जयपुर में मीडिया से बातचीत के दौरान जोशी ने कहा कि बांग्लादेश में हिंसा के जरिए सत्ता परिवर्तन हुआ और वहां हिंदुओं पर अत्याचार तथा हत्याओं की घटनाएं सामने आ रही हैं। उन्होंने सवाल किया कि क्या कांग्रेस भारत में भी ऐसी परिस्थितियां चाहती है? उन्होंने कहा कि भारत का लोकतंत्र देश की परंपराओं और संस्कारों में रचा-बसा है।
SIR को लेकर कांग्रेस पर निशाना
प्रहलाद जोशी ने कहा कि देश में मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अब तक 12 बार हो चुका है, जिनमें से 10 बार कांग्रेस के शासनकाल में हुआ। उन्होंने आरोप लगाया कि पहले कांग्रेस को इस प्रक्रिया पर आपत्ति नहीं थी, लेकिन अब राजनीतिक हताशा में इसका विरोध किया जा रहा है। जोशी के अनुसार, SIR का उद्देश्य मतदाता सूची को पारदर्शी और त्रुटिरहित बनाना है। मृत्यु, स्थायी स्थानांतरण और दोहरी प्रविष्टियों के कारण सूची में बने नामों को हटाना जरूरी है। उन्होंने कहा कि पात्र नागरिकों का नाम छूटने पर फॉर्म-6 के जरिए दोबारा जुड़वाया जा सकता है। राहुल गांधी की मतदाता सूची को SIR से पहले की स्थिति में रखने की मांग पर जोशी ने तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि मृत लोगों के नाम मतदाता सूची में बनाए रखने की मांग उचित नहीं है।
चुनावी हार के बाद संस्थाओं पर सवाल: जोशी
केंद्रीय मंत्री ने कांग्रेस पर चुनावी हार के बाद EVM और चुनाव प्रक्रिया पर सवाल उठाने का आरोप लगाया। उन्होंने कर्नाटक और अन्य राज्यों के चुनावों का जिक्र करते हुए कहा कि बैलेट पेपर से हुए चुनावों में भी कांग्रेस को हार का सामना करना पड़ा। जोशी ने कहा कि कांग्रेस अपनी चुनावी विफलता स्वीकार करने के बजाय न्यायपालिका, निर्वाचन आयोग और अन्य संवैधानिक संस्थाओं की विश्वसनीयता पर सवाल उठाती है। उन्होंने आपातकाल का उल्लेख करते हुए कांग्रेस को अपने इतिहास पर विचार करने की सलाह दी।
भारत की आर्थिक प्रगति को लेकर भी कांग्रेस पर हमला
प्रहलाद जोशी ने कहा कि वैश्विक चुनौतियों के बावजूद भारत लगातार आर्थिक मजबूती के साथ आगे बढ़ रहा है। उन्होंने पहली तिमाही में 7.8 प्रतिशत आर्थिक वृद्धि का उल्लेख करते हुए कहा कि वर्ष 2014 में देश में करीब 260 स्टार्टअप थे, जबकि आज इनकी संख्या 2 लाख 40 हजार से अधिक हो गई है। उन्होंने दावा किया कि इन स्टार्टअप्स ने 20 लाख से अधिक लोगों को रोजगार दिया है। जोशी ने इन उपलब्धियों का श्रेय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और देश के नागरिकों के परिश्रम को दिया।
त्योहारों में प्रदर्शन से व्यापारियों को नुकसान का दावा
नवरात्रि और दीपावली के दौरान विरोध-प्रदर्शन को लेकर जोशी ने कांग्रेस से सवाल किया कि त्योहारों के समय ही प्रदर्शन करने की जरूरत क्यों महसूस होती है? उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस के हालिया प्रदर्शन से व्यापारियों को करीब 20 हजार करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। जोशी ने कहा कि विपक्ष को लोकतांत्रिक तरीके से विरोध करने का अधिकार है, लेकिन विरोध के नाम पर अर्थव्यवस्था और संवैधानिक संस्थाओं की साख को नुकसान पहुंचाना स्वीकार्य नहीं है।
राहुल गांधी के नेतृत्व पर भी उठाए सवाल
केंद्रीय मंत्री ने राहुल गांधी के नेतृत्व पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस की राजनीति बार-बार लॉन्च और रिलॉन्च करने तक सीमित रह गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी भारत के लोकतंत्र की रक्षा के नाम पर विदेशी देशों से सहायता मांगने की बात करते हैं, जो उचित नहीं है। जोशी ने कहा कि भारत की जनता अपने मताधिकार से सरकार चुनने में सक्षम है। चुनाव जीतने के लिए जनता के बीच जाकर मेहनत करनी चाहिए, न कि हारने के बाद संवैधानिक संस्थाओं को बदनाम करना चाहिए। उन्होंने भाजपा के ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान को जनता को जागरूक करने का प्रयास बताया। इस दौरान उन्होंने सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती पर श्रद्धासुमन भी अर्पित किए।



