Chandigarh Firing News: चंडीगढ़ के सेक्टर-11 स्थित एक मेडिकल स्टोर में शनिवार को दिनदहाड़े हुई फायरिंग की घटना ने पूरे शहर को दहला दिया। मोटरसाइकिल पर सवार होकर आए 3 बदमाशों ने दुकान में घुसकर कैशियर पर अंधाधुंध फायरिंग कर दी। इस हमले में गंभीर रूप से घायल हुए कैशियर की अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। मृतक की पहचान हिमाचल प्रदेश के रोहरू निवासी जानकी दास के रूप में हुई है।
बाइक पर सवार होकर आए थे हमलावर
जानकारी के अनुसार, घटना दोपहर करीब 2:30 बजे की है. प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, 3 युवक मोटरसाइकिल पर मेडिकल स्टोर के बाहर पहुंचे। इनमें से एक आरोपी बाइक पर ही बाहर खड़ा रहा, जबकि दो नकाबपोश युवक दुकान के अंदर दाखिल हुए। कुछ देर तक दोनों ने सामान्य ग्राहक की तरह व्यवहार किया और दुकान के माहौल का जायजा लिया। इसके बाद अचानक उन्होंने ऑटोमैटिक हथियार से फायरिंग शुरू कर दी।
13 राउंड फायरिंग की
हमलावरों ने सीधे काउंटर पर बैठे कैशियर को निशाना बनाया और उस पर कई राउंड गोलियां चलाईं। बताया जा रहा है कि दुकान के भीतर करीब 13 राउंड फायरिंग की गई। गोलियों की आवाज सुनते ही दुकान में मौजूद लोगों के बीच अफरा-तफरी मच गई और लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे.
#WATCH | Chandigarh: Central Forensic Science Laboratory (CFSL) team reaches the medical store at Chandigarh Sector 11 where multiple rounds of bullets were fired by unidentified people. Police personnel are also here. pic.twitter.com/oyuxJEX9za
— ANI (@ANI) June 13, 2026
घटना के बाद गंभीर रूप से घायल जानकी दास को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई. इस वारदात के बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल है. पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है और घटनास्थल से महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए हैं.
गोल्डी ढिल्लों गैंग ने ली हमले की जिम्मेदारी
घटना के कुछ समय बाद सोशल मीडिया पर एक पोस्ट सामने आया, जिसमें इस हमले की जिम्मेदारी कथित तौर पर गोल्डी ढिल्लों गैंग ने ली है. हालांकि पुलिस ने अभी तक इस दावे की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है. जांच एजेंसियां सोशल मीडिया पोस्ट की भी जांच कर रही हैं ताकि उसकी सत्यता का पता लगाया जा सके.
हमलावरों की पहचान के लिए खंगाले जा रहे CCTV
पुलिस ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है. फुटेज में हमलावरों की गतिविधियां कैद होने की संभावना है, जिसके आधार पर उनकी पहचान और गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं. शुरुआती जांच में गैंगवार, रंगदारी या पुरानी रंजिश जैसे विभिन्न पहलुओं को ध्यान में रखा जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि मामले की हर एंगल से जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार करने का प्रयास किया जाएगा।
ये भी पढ़ें: “मोदी सरकार के 12 साल: विकास, सुशासन और गरीब कल्याण की नई इबारत, बोले सीएम भजनलाल शर्मा



