बांसवाड़ा। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने बांसवाड़ा के बागीदौरा तहसील कार्यालय में रिश्वतखोरी के खिलाफ कार्रवाई की है। टीम ने तहसील कार्यालय के वरिष्ठ सहायक योगेन्द्र सिंह भाटी को 4 हजार रुपए की रिश्वत लेने के मामले में गिरफ्तार किया है। उसके लिए रिश्वत की रकम लेने वाले दो निजी व्यक्तियों रतनसिंह और विठ्ठल को भी पकड़ा गया है।ACB के अनुसार, एक फाइनेंस कंपनी में काम करने वाले परिवादी ने शिकायत दी थी। कंपनी से होम लोन लेने वाले आवेदकों की रजिस्ट्री को सब-रजिस्ट्रार कार्यालय से रजिस्टर्ड मॉर्टगेज करवाना जरूरी था। आरोप है कि इसके लिए तहसील कार्यालय के वरिष्ठ सहायक योगेन्द्र सिंह भाटी दो पत्रावलियों को रजिस्टर्ड मॉर्टगेज करवाने के बदले रिश्वत मांग रहा था।
5 हजार मांगे, 4 हजार में सौदा तय
शिकायत के बाद ACB ने रिश्वत की मांग का सत्यापन कराया। सत्यापन में सामने आया कि आरोपी दोनों पत्रावलियों के लिए 2,500-2,500 रुपए यानी कुल 5 हजार रुपए मांग रहा था। बातचीत के बाद 500-500 रुपए कम करते हुए रिश्वत की रकम 4 हजार रुपए तय हुई।
दलाल के जरिए मंगवाई रिश्वत
रिश्वत की मांग की पुष्टि होने के बाद ACB बांसवाड़ा की टीम ने ट्रैप कार्रवाई की। आरोप है कि योगेन्द्र सिंह भाटी ने परिवादी को 4 हजार रुपए अपने परिचित रतनसिंह को देने के लिए कहा। रतनसिंह ने यह रकम आगे विठ्ठल को दी। इसी दौरान ACB टीम ने रिश्वत की रकम बरामद कर तीनों को रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।कार्रवाई डीआईजी डॉ. रामेश्वर सिंह के सुपरविजन में और एसीबी बांसवाड़ा के डीएसपी रतन सिंह राजपुरोहित के नेतृत्व में की गई।
आरोपी के घर पर भी तलाशी
ACB की टीम आरोपियों से पूछताछ कर रही है। वहीं वरिष्ठ सहायक योगेन्द्र सिंह भाटी के आवास की भी तलाशी ली जा रही है। मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत केस दर्ज कर आगे की जांच की जाएगी।ACB ने लोगों से भ्रष्टाचार या रिश्वत से जुड़ी शिकायत टोल फ्री हेल्पलाइन 1064 और WhatsApp हेल्पलाइन 94135-02834 पर करने की अपील की है।



