Monday, October 5, 2026
HomeIndiaRBSE 10th Exam: राजस्थान बोर्ड का बड़ा फैसला, अब साल में दो...

RBSE 10th Exam: राजस्थान बोर्ड का बड़ा फैसला, अब साल में दो बार होगी 10वीं की परीक्षा; सप्लीमेंट्री व्यवस्था खत्म

राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने 10वीं की परीक्षा व्यवस्था में बड़ा बदलाव किया है। अब 10वीं बोर्ड परीक्षा साल में दो बार आयोजित होगी। मुख्य परीक्षा फरवरी-मार्च में और सुधारात्मक परीक्षा मई में होगी। नई व्यवस्था में सप्लीमेंट्री परीक्षा खत्म कर दी गई है। विद्यार्थी अधिकतम तीन विषयों में अंक सुधार के लिए दूसरी परीक्षा दे सकेंगे।

जयपुर। राजस्थान में 10वीं बोर्ड के विद्यार्थियों के लिए परीक्षा व्यवस्था में बड़ा बदलाव किया गया है। राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE) अब 10वीं की परीक्षा साल में दो बार आयोजित करेगा। नई व्यवस्था के तहत पहली मुख्य परीक्षा फरवरी-मार्च में होगी, जबकि विद्यार्थियों को अंक सुधारने का दूसरा मौका मई में होने वाली परीक्षा में मिलेगा।

बोर्ड ने इस नई व्यवस्था के साथ 10वीं की पुरानी सप्लीमेंट्री परीक्षा प्रणाली को खत्म करने का फैसला किया है। अब मुख्य परीक्षा में अपेक्षित अंक नहीं आने या अपने परिणाम से संतुष्ट नहीं होने वाले विद्यार्थियों को सुधारात्मक परीक्षा के जरिए अंक बेहतर करने का अवसर मिलेगा। इस व्यवस्था का उद्देश्य विद्यार्थियों को परीक्षा परिणाम सुधारने का एक अतिरिक्त मौका देना है, ताकि उन्हें आगे की पढ़ाई के लिए लंबे समय तक इंतजार न करना पड़े।

यह खबर भी पढ़ें:-दिवाली से पहले व्यापारियों के अरमानों पर JDA का बुल्डोजर

तीन विषयों में दे सकेंगे सुधारात्मक परीक्षा

राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के आदेश के अनुसार मुख्य परीक्षा में पास होने वाले विद्यार्थी यदि अपने अंकों से संतुष्ट नहीं हैं तो वे मई में होने वाली दूसरी बोर्ड परीक्षा में शामिल हो सकते हैं। विद्यार्थियों को अधिकतम तीन विषयों में अंक सुधारने का अवसर मिलेगा। वे चाहें तो केवल एक या दो विषयों में भी सुधारात्मक परीक्षा दे सकते हैं। हालांकि, सुधार का मौका उन्हीं विषयों में मिलेगा, जिनका चयन विद्यार्थी ने पहली यानी मुख्य परीक्षा में किया था। बाद में विषय बदलने की अनुमति नहीं होगी।

दोनों परीक्षाओं में से अधिक अंक होंगे मान्य

सुधारात्मक परीक्षा के बाद प्रत्येक विषय में मुख्य परीक्षा और दूसरी परीक्षा में प्राप्त अंकों में से जो अंक अधिक होंगे, उन्हें अंतिम परिणाम में शामिल किया जाएगा। इसी आधार पर विद्यार्थी का अंतिम परीक्षा परिणाम और उत्तीर्णता प्रमाण पत्र जारी किया जाएगा। इससे विद्यार्थियों को कम अंक आने की स्थिति में अपना प्रदर्शन सुधारने का एक अतिरिक्त अवसर मिलेगा।

वर्ष 2026-27 से सप्लीमेंट्री परीक्षा खत्म

बोर्ड ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 से माध्यमिक और प्रवेशिका परीक्षाओं की पुरानी पूरक यानी सप्लीमेंट्री परीक्षा व्यवस्था समाप्त करने का निर्णय लिया है। नई व्यवस्था में मुख्य परीक्षा में दो विषयों में न्यूनतम 33 प्रतिशत अंक हासिल नहीं कर पाने वाले विद्यार्थियों को पूरक परीक्षा की श्रेणी में रखने के बजाय दूसरी बोर्ड परीक्षा में Essential Improvement के लिए शामिल होने का मौका दिया जाएगा। यानी अब दो विषयों में 33 प्रतिशत से कम अंक आने वाले विद्यार्थियों को मई में होने वाली दूसरी बोर्ड परीक्षा के जरिए अपना प्रदर्शन सुधारने का अवसर मिलेगा।

तीन या उससे ज्यादा विषयों में फेल होने पर क्या होगा?

नई व्यवस्था में विद्यार्थियों के लिए कुछ शर्तें भी तय की गई हैं। यदि कोई विद्यार्थी पहली मुख्य परीक्षा में तीन या उससे अधिक विषयों में न्यूनतम 33 प्रतिशत अंक हासिल नहीं कर पाता, तो उसे दूसरी बोर्ड परीक्षा में शामिल होने की अनुमति नहीं दी जाएगी।

इसी तरह यदि कोई परीक्षार्थी मुख्य परीक्षा में तीन या उससे अधिक विषयों में अनुपस्थित रहता है, तो उसे भी दूसरी बोर्ड परीक्षा में बैठने का मौका नहीं मिलेगा। ऐसे विद्यार्थियों का परिणाम Essential Repeat रखा जाएगा। उन्हें अगले शैक्षणिक सत्र में होने वाली मुख्य परीक्षा में सभी विषयों की परीक्षा दोबारा देनी होगी।

यह खबर भी पढ़ें:-Tonk News: ‘सर… टोंक में खाद का संकट नहीं है’, नरेश मीणा से बोलीं कलेक्टर टीना डाबी

विद्यार्थियों को मिलेगा परिणाम सुधारने का अतिरिक्त मौका

RBSE की नई व्यवस्था से 10वीं के विद्यार्थियों को परीक्षा परिणाम सुधारने का एक अतिरिक्त अवसर मिलेगा। खास तौर पर उन विद्यार्थियों को इससे फायदा हो सकता है, जो मुख्य परीक्षा में पास होने के बावजूद अपने अंकों से संतुष्ट नहीं हैं या दो विषयों में न्यूनतम अंक हासिल नहीं कर पाए हैं।

नई व्यवस्था में मई में होने वाली दूसरी परीक्षा को अंक सुधार और Essential Improvement के अवसर के तौर पर इस्तेमाल किया जाएगा, जबकि तीन या उससे अधिक विषयों में निर्धारित न्यूनतम अंक हासिल नहीं करने वाले विद्यार्थियों को अगले सत्र की मुख्य परीक्षा में फिर से शामिल होना होगा।

Please enable JavaScript in your browser to complete this form.

RELATED ARTICLES
- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

× Popup Image