दौसा। राजस्थान की सियासत में मीणा और गुर्जर समाज के बीच सामाजिक और राजनीतिक समीकरण एक बार फिर चर्चा में हैं। दौसा जिले के नांगल प्यारीवास स्थित ऐतिहासिक पंच-अथाई परिसर में आयोजित विश्व आदिवासी दिवस समारोह के दूसरे दिन कैबिनेट मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा ने दोनों समुदायों के आपसी भाईचारे और राजनीतिक रिश्तों को लेकर बड़ा बयान दिया। जनसैलाब के बीच दिए गए उनके संबोधन में पूर्व केंद्रीय मंत्री स्वर्गीय राजेश पायलट और पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट का भी जिक्र हुआ।
सचिन पायलट और राजेश पायलट को लेकर क्या बोले किरोड़ी?
डॉ. किरोड़ी लाल मीणा ने गुर्जर समाज को संबोधित करते हुए कहा कि समाज को यह याद रखना चाहिए कि राजेश पायलट और सचिन पायलट को राजनीति में स्थापित करने में दौसा के मीणा समाज की भी महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उन्होंने कहा कि अगर गुर्जर समाज अपने नेता को मुख्यमंत्री बनाने की आकांक्षा रखता है तो इसके लिए मीणा समाज के सहयोग और समर्थन को भी नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। किरोड़ी ने कहा कि मुख्यमंत्री या प्रधानमंत्री कौन बनेगा, यह किस्मत और जनता के आशीर्वाद पर निर्भर करता है। इसलिए राजनीतिक महत्वाकांक्षाओं के कारण सामाजिक रिश्तों में टकराव नहीं होना चाहिए।
मीणा-गुर्जर समाज को बताया राम-लक्ष्मण की जोड़ी
किरोड़ी लाल मीणा ने अपने संबोधन में मीणा और गुर्जर समाज के बीच भाईचारे पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि दोनों समुदाय मूल रूप से खेती-किसानी से जुड़े हुए हैं और दोनों की सामाजिक परिस्थितियां और समस्याएं काफी हद तक समान हैं। उन्होंने दोनों समाजों की तुलना राम और लक्ष्मण से करते हुए कहा कि मीणा और गुर्जर समाज को आपस में लड़ने के बजाय एक-दूसरे का साथ देना चाहिए। उन्होंने गुर्जर समाज से कहा कि मीणा समाज उनके भाई हैं और आपसी टकराव से दोनों ही समुदायों का नुकसान होगा।
BJP को लेकर भी किरोड़ी ने साफ किया अपना रुख
कार्यक्रम के दौरान किरोड़ी लाल मीणा ने अपनी पार्टी और विचारधारा को लेकर भी स्पष्ट संदेश दिया। उन्होंने बताया कि कुछ लोगों ने उनसे कहा था कि पार्टी गलत है और आप सही हैं। इसके जवाब में उन्होंने कहा कि पार्टी सही है और भारतीय जनता पार्टी ने उन्हें राजनीतिक पहचान के साथ विचारधारा भी दी है। किरोड़ी ने संकेत दिया कि वह BJP की विचारधारा और पार्टी के सिद्धांतों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता पर कायम हैं।
पंच-अथाई परिसर में उमड़ा जनसैलाब
विश्व आदिवासी दिवस के मौके पर नांगल प्यारीवास के पंच-अथाई परिसर में आयोजित कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। आयोजकों ने करीब 125 बीघा जमीन में विशाल डोम तैयार कराया था, लेकिन भीड़ इतनी अधिक रही कि कई लोगों को डोम के बाहर मैदान में बैठकर कार्यक्रम देखना पड़ा। दौसा के अलावा जयपुर, करौली और आसपास के जिलों से भी बड़ी संख्या में लोग कार्यक्रम में पहुंचे। कार्यक्रम स्थल पर कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस की अतिरिक्त व्यवस्था की गई थी।
https://www.facebook.com/DrkirodilalmeenaOfficial/posts/1639260437563514?ref=embed_post
9 अगस्त 2027 को मूर्तियों की स्थापना का ऐलान
किरोड़ी लाल मीणा ने घोषणा की कि अगले वर्ष 9 अगस्त 2027, विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर पंच-अथाई परिसर में भगवान और अन्य देवी-देवताओं की मूर्तियों की विधिवत स्थापना की जाएगी। कार्यक्रम में संयोजक लाल मीणा, स्थानीय विधायक रामबिलास मीणा, राजेंद्र मीणा, महेंद्रपाल, मांगीलाल सहित कई सामाजिक और राजनीतिक हस्तियां मौजूद रहीं।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने बांधा समां
समारोह के दूसरे दिन विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए गए। पीएमश्री विद्यालय की छात्राओं ने देशभक्ति गीत प्रस्तुत किए, जबकि राजकीय महाविद्यालय की छात्राओं ने मीणा संस्कृति पर आधारित नृत्य पेश किया। लोक कलाकारों रेणुका पंवार, रोनी रमन, गौरी नागोरी, अलीत रावज और काजल की प्रस्तुतियों ने भी लोगों का मनोरंजन किया। मध्य प्रदेश से आए आदिवासी बच्चों के सांस्कृतिक दल और किरण मीणा एंड टीम के साहसिक करतब भी कार्यक्रम के प्रमुख आकर्षण रहे।



