Parliament Monsoon Session: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने मंगलवार को कई विपक्षी दलों के नेताओं के साथ लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से मुलाकात कर छात्रों के खिलाफ कथित पुलिस कार्रवाई और परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के मुद्दे पर संसद में विस्तृत चर्चा कराने की मांग की.
#WATCH दिल्ली: लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने कहा, "…कल जो हुआ, उसके लिए मोदी जी ने माफ़ी तक नहीं मांगी है। युवा शिक्षा और परीक्षा प्रणाली के ख़िलाफ़ विरोध कर रहे हैं। पूरा देश जानता है कि शिक्षा और परीक्षा प्रणाली को दीमक ने खोखला कर दिया है। प्रधानमंत्री चुप क्यों… pic.twitter.com/UGon57Hjqg
— ANI_HindiNews (@AHindinews) July 21, 2026
राहुल गांधी के नेतृत्व में विपक्षी प्रतिनिधिमंडल ने संसद भवन स्थित लोकसभा अध्यक्ष के कक्ष में उनसे मुलाकात की. इस प्रतिनिधिमंडल में समाजवादी पार्टी के सांसद धर्मेंद्र यादव, शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के नेता अरविंद सावंत सहित अन्य विपक्षी दलों के नेता भी शामिल थे.
संसद में चर्चा की मांग
बैठक के बाद राहुल गांधी ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर कहा कि विपक्ष की मांग स्पष्ट है कि छात्रों के खिलाफ सोमवार को हुई कथित पुलिस कार्रवाई और परीक्षा प्रणाली से जुड़े संकट पर संसद में विस्तृत चर्चा कराई जाए. उन्होंने लिखा-‘हमारी मांग सरल है कि छात्रों के खिलाफ कल की गई बर्बर कार्रवाई और परीक्षा से जुड़े संकट को लेकर सरकार की जवाबदेही के पूर्ण अभाव पर संसद में विस्तृत चर्चा होनी चाहिए.’
Met the Hon’ble Lok Sabha Speaker today along with MPs of the Opposition.
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) July 21, 2026
Our demand is simple: Parliament must have a detailed discussion on the brutality unleashed on students yesterday and on the government’s complete lack of accountability for the examination crisis.… pic.twitter.com/qc2ptKQUt7
‘युवाओं के भविष्य पर चर्चा जरूरी’
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि छात्रों को अपने भविष्य से जुड़े सवाल उठाने पर पीटा गया. उन्होंने सवाल किया, ‘अगर संसद भारत के युवाओं के भविष्य पर चर्चा नहीं कर सकती, तो फिर इसका क्या मतलब है?’ कांग्रेस नेता ने कहा कि विपक्ष इस मुद्दे को दबने नहीं देगा और यह सुनिश्चित करेगा कि छात्रों की आवाज सड़क से लेकर संसद तक सुनी जाए.
CJP के संसद मार्च के दौरान हुई थी पुलिस कार्रवाई
गौरतलब है कि सोमवार को कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) द्वारा NEET परीक्षा प्रश्नपत्र लीक के विरोध और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर आयोजित संसद मार्च के दौरान दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े और बल प्रयोग किया था.
पुलिस का कहना है कि संसद क्षेत्र में लागू सुरक्षा प्रतिबंधों और बिना अनुमति प्रदर्शन को देखते हुए कार्रवाई की गई. वहीं, विपक्षी दलों ने इस कार्रवाई की आलोचना करते हुए इसे छात्रों के साथ कठोर व्यवहार बताया है.
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