मेरठ। उत्तर प्रदेश के मेरठ में सौरभ राजपूत हत्याकांड में अदालत ने मुस्कान और उसके प्रेमी साहिल को फांसी की सजा सुनाई है। दोनों को सौरभ राजपूत की हत्या का दोषी ठहराया गया था। सजा सुनाने से पहले अदालत ने मुस्कान और साहिल को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पेश किया और उनका पक्ष सुना।
जज ने पूछा- क्या सजा चाहते हो?
बुधवार सुबह करीब 10:30 बजे जज अरविंद कुमार मिश्रा ने जेल में बंद मुस्कान और साहिल से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बात की। जज ने मुस्कान से पूछा कि जब वह अपने पति सौरभ राजपूत की हत्या में दोषी है, तो वह क्या सजा चाहती है। इस पर मुस्कान ने कहा कि उसकी बेटी छोटी है और उसका ख्याल रखा जाए। इसके बाद वह चुप हो गई। जब यही सवाल साहिल से पूछा गया, तो उसने भी कोई जवाब नहीं दिया।
3 मार्च 2025 को हुई थी सौरभ की हत्या
सौरभ राजपूत की हत्या 3 मार्च 2025 को हुई थी। मामले में सामने आए आरोपों के मुताबिक, मुस्कान ने अपने प्रेमी साहिल के साथ मिलकर सौरभ की हत्या की थी। हत्या के बाद शव के पांच टुकड़े कर उन्हें नीले ड्रम में भर दिया गया था। इस घटना ने पूरे देश में चर्चा बटोरी थी। जुलाई 2025 में जिला अदालत में मामले का ट्रायल शुरू हुआ। इसके बाद 30 सितंबर को अदालत ने मुस्कान और साहिल को सौरभ की हत्या का दोषी करार दिया था।
सरकारी वकील ने की थी फांसी की मांग
मामले में सरकारी वकील केके चौबे ने अदालत से मुस्कान और साहिल को फांसी की सजा देने की मांग की थी। वहीं, बचाव पक्ष की वकील रेखा जैन ने मुस्कान की दो बेटियों और उसके बुजुर्ग माता-पिता का हवाला देते हुए कम से कम सजा देने की अपील की थी।
हालांकि, अदालत ने दोनों दोषियों को फांसी की सजा सुनाई। यह फैसला सौरभ राजपूत हत्याकांड में एक अहम घटनाक्रम है।



