जैसलमेर। जिले में सरकारी भूमि पर अवैध कब्जों के खिलाफ प्रशासन ने बड़ा अभियान चलाते हुए बुलडोजर कार्रवाई की। इस दौरान करीब 300 बीघा सरकारी जमीन को अतिक्रमण से मुक्त कराया गया। प्रशासन के अनुसार, मुक्त कराई गई भूमि की अनुमानित बाजार कीमत 100 करोड़ रुपये से अधिक है। कार्रवाई के दौरान लगभग 300 अवैध निर्माणों और अस्थायी ढांचों को हटाया गया।
यह अभियान जैसलमेर बाइपास क्षेत्र में चलाया गया, जहां पिछले कई वर्षों से सरकारी जमीन पर धीरे-धीरे अवैध कब्जे किए जा रहे थे। इलाके में सड़क निर्माण और विकास कार्यों के बाद जमीन की कीमतों में तेजी से बढ़ोतरी हुई, जिसके चलते अतिक्रमण की घटनाएं भी बढ़ने लगी थीं। कई लोगों ने यहां अस्थायी मकान, चारदीवारी, टीनशेड और अन्य निर्माण कर लिए थे। प्रशासन ने बताया कि कार्रवाई से पहले संबंधित लोगों को नोटिस जारी किए गए थे और स्वेच्छा से कब्जा हटाने के लिए पर्याप्त समय भी दिया गया था।
निर्धारित अवधि समाप्त होने के बाद भी जब अतिक्रमण नहीं हटाया गया तो प्रशासन ने पुलिस बल और राजस्व विभाग की टीम के साथ संयुक्त अभियान चलाकर अवैध निर्माणों को ध्वस्त कर दिया। कार्रवाई के दौरान बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर मौजूद रहे ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति से बचा जा सके। अभियान शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ और पूरे क्षेत्र को प्रशासन ने अपने कब्जे में ले लिया। प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया कि जिन परिवारों के स्थायी मकान इस भूमि पर बने हुए हैं, उनके साथ मानवीय दृष्टिकोण अपनाया जा रहा है।
ऐसे लोगों को अपना सामान हटाने और स्थान खाली करने के लिए अतिरिक्त समय दिया गया है। निर्धारित समय सीमा पूरी होने के बाद आवश्यक होने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। जिला प्रशासन का कहना है कि सरकारी भूमि पर किसी भी प्रकार का नया अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि किसी भी भूखंड की खरीद से पहले उसके स्वामित्व, राजस्व रिकॉर्ड और कानूनी स्थिति की पूरी जांच कर लें, ताकि भविष्य में किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि जिले के अन्य क्षेत्रों में भी सरकारी जमीन पर अवैध कब्जों की पहचान की जा रही है। जहां भी अतिक्रमण मिलेगा, वहां कानून के अनुसार कार्रवाई जारी रहेगी। इस अभियान को सरकारी संपत्तियों की सुरक्षा और भूमि माफियाओं पर प्रभावी नियंत्रण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।



