जयपुर। राजस्थान में नगर निकाय चुनाव का पारा पूरी तरह चढ़ चुका है। मतदाता को रिझाने के लिए नेता हरसंभव जतन कर रहे हैं, लेकिन इसी बीच राजधानी जयपुर से सटे चौमूं क्षेत्र का एक दिलचस्प और विवादित बयान सोशल मीडिया पर आग की तरह फैल गया है। चौमूं से भारतीय जनता पार्टी के पूर्व विधायक रामलाल शर्मा ने एक चुनावी मंच से ऐसा अनूठा दावा कर दिया है, जिसकी चर्चा अब हर नुक्कड़ और सोशल मीडिया ग्रुप में हो रही है।
चुनावी दफ्तर के उद्घाटन में बोल गए अनोखी बात
पूरा घटनाक्रम चौमूं नगर परिषद के वार्ड नंबर 20 का है। यहां से भाजपा प्रत्याशी राजकुमार बराला के चुनावी कार्यालय का भव्य उद्घाटन कार्यक्रम रखा गया था। मंच से कार्यकर्ताओं और स्थानीय निवासियों को संबोधित करते हुए पूर्व विधायक रामलाल शर्मा ने समर्थन की अपील की।
माइक संभालते ही रामलाल शर्मा ने कहा— “एक बार आप राजकुमार बराला को जिता दीजिए, आपके किसी भी विकास कार्य में कोई कमी नहीं रहने दी जाएगी।” लेकिन इसके तुरंत बाद उन्होंने समर्थकों का ध्यान खींचते हुए मुस्कुराकर कहा— “और हां, आपका एक भी लड़का कुंवारा नहीं रहेगा।”
पूर्व विधायक का यह वीडियो सामने आते ही तेजी से शेयर होने लगा। विपक्षी दल जहां इसे चुनावी मर्यादा और वादों का मजाक बता रहे हैं, वहीं समर्थकों का कहना है कि यह बात उन्होंने सिर्फ माहौल को हल्का-फुल्का बनाने और चुटकी लेने के अंदाज में कही थी।
43 साल के अविवाहित युवक की पुरानी गुहार से जुड़ा तार
रामलाल शर्मा के इस ‘शादी वाले बयान’ के वायरल होते ही लोगों को पिछले साल का एक वाकया याद आ गया। दरअसल, चौमूं के चितवाड़ी गांव के रहने वाले 43 वर्षीय कैलाश शर्मा ने पिछले साल पूर्व विधायक को पत्र लिखकर शादी कराने की गुहार लगाई थी।
कैलाश ने पत्र में लिखा था कि उन्होंने सोशल मीडिया पर रामलाल शर्मा का एक बयान देखा था, जिसमें 40 वर्ष से अधिक उम्र के अविवाहित युवाओं का विवाह कराने में मदद का जिक्र था। कैलाश ने अपनी व्यथा बताते हुए पूर्व विधायक से अपनी शादी करवाने में सहयोग मांगा था। अब निकाय चुनाव के बीच रामलाल शर्मा द्वारा दोबारा कुंवारों का जिक्र किए जाने पर लोग इसे उसी पुराने वाकये से जोड़कर चुटकी ले रहे हैं।
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चौमूं नगर परिषद में त्रिकोणीय समीकरण
चौमूं नगर परिषद के 45 वार्डों में कुल 119 उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। हालांकि मुख्य मुकाबला भाजपा और कांग्रेस के बीच माना जा रहा है, लेकिन 12 से अधिक वार्डों में निर्दलीय और रालोपा (RLP) के प्रत्याशी दोनों ही प्रमुख दलों के गणित को बिगाड़ रहे हैं। ऐसे में रामलाल शर्मा का यह बयान भाजपा प्रत्याशी के पक्ष में कितना माहौल बना पाता है, यह तो चुनाव नतीजों के दिन ही साफ होगा।



