कानपुर। उत्तर प्रदेश के कानपुर में 63 वर्षीय दवा कारोबारी विनीत मिनोचा की हत्या के मामले में पुलिस जांच में कई चौंकाने वाली बातें सामने आई हैं। पुलिस ने कारोबारी की बहू शालू मिनोचा पर हत्या की साजिश में शामिल होने का आरोप लगाया है। जांच के मुताबिक, जिस समय कारोबारी पर हमला हुआ, उस दौरान शालू अपने पति सुब्रत के साथ एक लाउंज में पार्टी कर रही थी।
पुलिस के अनुसार, तिलक नगर के एक लाउंज में शालू और उसका पति पार्टी में मौजूद थे। वहां बनाए गए वीडियो में दोनों को डांस करते हुए देखा गया। जांचकर्ताओं का दावा है कि इसी दौरान शालू कथित तौर पर उन लोगों के संपर्क में थी, जिन पर हत्या को अंजाम देने का आरोप है। पुलिस अब मोबाइल फोन, व्हाट्सऐप कॉल और मैसेज से जुड़े रिकॉर्ड की जांच कर रही है।
CCTV कैमरे से शुरू हुआ विवाद
जांच में सामने आया कि विनीत ने अपने फ्लैट में घटना से करीब दो से तीन सप्ताह पहले CCTV कैमरे लगवाए थे। पुलिस का दावा है कि शालू ने इसका विरोध किया था। इसके बाद उसने विनीत की दवा दुकान में पहले काम कर चुके विशाल गौतम से संपर्क किया।
पुलिस के मुताबिक, शालू ने कथित तौर पर विशाल को हत्या के लिए 6 लाख रुपये देने की बात कही थी। आरोप है कि उसने फ्लैट की मूल चाबी भी विशाल को दी, जिसकी मदद से डुप्लीकेट चाबी तैयार कराई गई। विशाल ने कथित तौर पर राज किशोर नाम के व्यक्ति को भी योजना में शामिल किया।
हार्ट अटैक दिखाने की थी योजना
पुलिस के अनुसार, आरोपियों की शुरुआती योजना हत्या को स्वाभाविक मौत जैसा दिखाने की थी। कथित तौर पर विनीत को तकिए से दम घोंटकर मारने और इसे हार्ट अटैक बताने की योजना बनाई गई थी। हालांकि, जब विनीत रात में कमरे में पहुंचे और उन्हें कुछ संदिग्ध महसूस हुआ तो स्थिति बिगड़ गई।
इसके बाद उन पर चाकू से हमला किया गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में उनके शरीर पर चाकू के 26 वार मिलने की बात सामने आई है। पुलिस के अनुसार, वारदात के बाद शालू और उसका पति पार्टी से वापस घर पहुंचे, जहां विनीत का शव मिला।
पुलिस का कहना है कि घर से कोई बड़ा सामान चोरी नहीं हुआ था, इसलिए शुरुआती जांच में मामला लूट के बजाय आपसी विवाद और कथित साजिश से जुड़ा माना गया। फिलहाल पुलिस आरोपों की पुष्टि के लिए डिजिटल सबूतों और आरोपियों से पूछताछ के आधार पर जांच आगे बढ़ा रही है।



