Annapurna Yojana : कोलकाता। पश्चिम बंगाल सरकार ने महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए बुधवार को अन्नपूर्णा योजना की शुरुआत की। इस योजना के तहत पहले चरण में 28.25 लाख महिलाओं को हर महीने 3,000 रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी। योजना का शुभारंभ करते हुए मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने बताया कि पिछले तीन दिनों के दौरान राज्य सरकार, जिला प्रशासन, खंड विकास कार्यालयों, नगर निकायों, जनप्रतिनिधियों और आम नागरिकों के समन्वित प्रयासों से 28,25,769 पात्र लाभार्थियों का सफलतापूर्वक पंजीकरण और सत्यापन किया गया है।
डबल इंजन सरकार ने महिलाओं को आर्थिक सहायता देने का वादा पूरा किया : मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गारंटी और डबल इंजन सरकार की प्रतिबद्धता के तहत महिलाओं को आर्थिक सहायता देने का वादा पूरा किया गया है। उन्होंने बताया कि योजना का लाभ सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में हस्तांतरित किया जाएगा। शुभेंदु अधिकारी ने स्पष्ट किया कि नए आवेदनों की प्रक्रिया लगातार जारी रहेगी। आने वाले तीन महीनों में प्राप्त सभी आवेदनों का सत्यापन कर पात्र महिलाओं को योजना से जोड़ा जाएगा। उन्होंने कहा, जैसे-जैसे आवेदन प्राप्त होंगे, उनका सत्यापन किया जाएगा और पात्र लाभार्थियों के खातों में 3,000 रुपये की सहायता राशि भेजी जाएगी। हमारा लक्ष्य है कि राज्य की हर पात्र महिला तक इस योजना का लाभ पहुंचे।
अन्नपूर्णा योजना से महिलाओं को मिलेगा आर्थिक संबल, मंत्री अग्निमित्रा पॉल ने गिनाए फायदे
पश्चिम बंगाल सरकार की मंत्री अग्निमित्रा पॉल ने अन्नपूर्णा योजना को महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया है। उन्होंने कहा कि लंबे समय से इस योजना के शुरू होने का इंतजार किया जा रहा था और अब इसे लागू होते देख सरकार के लिए यह गर्व और खुशी का क्षण है। अग्निमित्रा पॉल ने कहा कि अन्नपूर्णा योजना के तहत दी जाने वाली 3,000 रुपये की मासिक सहायता केवल आर्थिक मदद नहीं है, बल्कि महिलाओं को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने की दिशा में एक ठोस पहल है।
उनके अनुसार, छोटे-छोटे आर्थिक सहयोग भी महिलाओं को अपने पैरों पर खड़ा होने और नए अवसरों की शुरुआत करने में मदद कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि विपक्ष के नेता और मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के नेतृत्व में महिला प्रभारी कार्यालय से इस योजना का शुभारंभ किया गया। पहले चरण में 28 लाख 25 हजार 769 सत्यापित महिला लाभार्थियों के बैंक खातों में 3,000 रुपये की सहायता राशि सीधे ट्रांसफर की गई है।
मंत्री ने स्पष्ट किया कि योजना का लाभ केवल पात्र महिलाओं को ही दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि जो महिलाएं भारत की नागरिक हैं और पश्चिम बंगाल में निवास करती हैं, वे इस योजना के लिए पात्र होंगी। साथ ही उन्होंने भरोसा दिलाया कि लाभार्थियों के चयन और सत्यापन की प्रक्रिया पूरी पारदर्शिता के साथ की जाएगी।अग्निमित्रा पॉल ने कहा कि यदि किसी कारणवश सहायता राशि के वितरण में देरी होती है तो भी पात्र महिलाओं को उनका अधिकार जरूर मिलेगा, जबकि अपात्र लोगों को योजना का लाभ नहीं दिया जाएगा। उन्होंने इसे महिलाओं के कल्याण और आर्थिक सुरक्षा की दिशा में सरकार की बड़ी पहल बताया।



