वडोदरा। गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने सोमवार को वडोदरा में आयोजित वाइब्रेंट गुजरात रीजनल कॉन्फ्रेंस के चौथे संस्करण का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि राज्य के संतुलित और समावेशी विकास के लिए निवेश को बढ़ावा देना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने उद्योग जगत से प्रदेश में अधिक निवेश करने और विकास की गति को तेज करने का आह्वान किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वाइब्रेंट गुजरात केवल निवेश आकर्षित करने का मंच नहीं है, बल्कि यह स्थानीय उद्योगों, उद्यमियों और वैश्विक निवेशकों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने का माध्यम भी है। उनका कहना था कि क्षेत्रीय स्तर पर आयोजित ऐसे सम्मेलन राज्य के विभिन्न हिस्सों में औद्योगिक विकास को नई दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। दो दिवसीय इस सम्मेलन में उद्योगपतियों, निवेशकों, सरकारी अधिकारियों और विभिन्न क्षेत्रों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। कार्यक्रम के साथ व्यापार प्रदर्शनी का भी आयोजन किया गया, जिसमें सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम, स्टार्टअप, महिला उद्यमियों और जनजातीय कारीगरों द्वारा तैयार उत्पादों को प्रदर्शित किया गया। इसका उद्देश्य स्थानीय उत्पादों को व्यापक बाजार उपलब्ध कराना और नए व्यावसायिक अवसर पैदा करना है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि गुजरात सरकार उद्योगों के लिए अनुकूल माहौल तैयार करने, बेहतर बुनियादी ढांचा उपलब्ध कराने और निवेश प्रक्रियाओं को सरल बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने विश्वास जताया कि इस सम्मेलन के माध्यम से राज्य में नए निवेश आएंगे और रोजगार के अवसरों में भी वृद्धि होगी। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार की औद्योगिक नीतियां निवेशकों के विश्वास को मजबूत कर रही हैं। विशेष रूप से एमएसएमई, स्टार्टअप और महिला उद्यमियों को प्रोत्साहित करने के लिए कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं, ताकि आर्थिक विकास का लाभ समाज के सभी वर्गों तक पहुंच सके।
सरकार का मानना है कि इस तरह के क्षेत्रीय सम्मेलन राज्य की औद्योगिक क्षमता को नई पहचान दिलाने के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर आर्थिक गतिविधियों को भी गति देंगे। इससे गुजरात को निवेश और विनिर्माण के प्रमुख केंद्र के रूप में और अधिक मजबूती मिलने की उम्मीद है।



