Monday, October 26, 2026
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खरगे की पीएम मोदी पर टिप्पणी को लेकर राजस्थान BJP हमलावर, सार्वजनिक माफी की मांग

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की कथित विवादित टिप्पणी पर राजस्थान में सियासी बयानबाजी तेज हो गई है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की कथित विवादित टिप्पणी पर राजस्थान में सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। भाजपा ने खरगे के बयान की आलोचना करते हुए कांग्रेस नेतृत्व से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की है। राजस्थान भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ और प्रदेश महामंत्री श्रवण सिंह बगड़ी ने सोमवार को वीडियो जारी कर इस टिप्पणी पर अपनी नाराजगी जाहिर की।

मदन राठौड़ ने उठाए कांग्रेस की भाषा पर सवाल
भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने पटना में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री मोदी को लेकर की गई टिप्पणी को राजनीतिक मर्यादाओं के खिलाफ बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस का शीर्ष नेतृत्व राजनीतिक विरोध करते समय संयमित भाषा का ध्यान नहीं रख रहा है। राठौड़ ने कहा कि विपक्ष को सरकार की नीतियों और फैसलों की आलोचना करने का पूरा अधिकार है, लेकिन नीतियों की आलोचना और किसी व्यक्ति पर व्यक्तिगत टिप्पणी करने के बीच अंतर होना चाहिए। उन्होंने कांग्रेस नेतृत्व से अपने बयान पर आत्ममंथन करने और सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की अपील की।

श्रवण सिंह बगड़ी ने भी जताई नाराजगी
भाजपा प्रदेश महामंत्री श्रवण सिंह बगड़ी ने कहा कि राजनीतिक विरोध अपनी जगह है, लेकिन प्रधानमंत्री के लिए अमर्यादित भाषा का इस्तेमाल उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में असहमति जताने के लिए तर्क और संवाद का सहारा लिया जाना चाहिए, न कि व्यक्तिगत टिप्पणियों का।

अंतरराष्ट्रीय सम्मानों का भी किया जिक्र
मदन राठौड़ ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को विभिन्न देशों से मिले सम्मानों का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री की नीतियों का विरोध तथ्यों और मुद्दों के आधार पर किया जाना चाहिए। उनके मुताबिक, व्यक्तिगत टिप्पणियों से राजनीतिक संवाद का स्तर प्रभावित होता है।

पटना में मारपीट की घटना पर भी प्रतिक्रिया
पटना में आयोजित राजनीतिक कार्यक्रम के दौरान एक व्यक्ति के साथ हुई मारपीट का जिक्र करते हुए राठौड़ ने कहा कि विचारों से असहमति होने पर उसका जवाब बातचीत और तर्क से दिया जाना चाहिए। राजनीतिक कार्यक्रमों में हिंसा लोकतांत्रिक संवाद की भावना के विपरीत है।

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