जयपुर: राजस्थान के जयपुर से पति की हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। कानोता थाना इलाके में एक महिला पर अपने पिता के साथ मिलकर पति को कोल्ड ड्रिंक में जहर देने और उसकी हत्या की साजिश रचने का आरोप है। पुलिस ने कोर्ट के आदेश के बाद मामले में हत्या की FIR दर्ज की है।पुलिस के मुताबिक, मृतक की पहचान बबलू मीणा के रूप में हुई है। बबलू की मां मन्नी देवी ने उसकी पत्नी सुनीता, ससुर प्रकाश मीणा, रिश्तेदार रामावतार और भतीजों गोलू व दीपक के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज करवाया है।
मीटिंग के बहाने बुलाया, कोल्ड ड्रिंक में दिया जहर
शिकायत के अनुसार, बबलू की शादी मई 2024 में सुनीता से हुई थी। परिवार का आरोप है कि बबलू को अपनी पत्नी के किसी अन्य व्यक्ति से संबंध होने का शक था। इसी वजह से उसने सुनीता का मोबाइल अपने पास रख लिया था।पुलिस को दी गई शिकायत के मुताबिक, 19 जुलाई 2026 को सुनीता घर छोड़कर अपने मामा के घर बिहारीपुरा चली गई थी। इसके बाद 22 जुलाई को उसने बबलू को अपने पिता और भाइयों से बातचीत के लिए वहां बुलाया।आरोप है कि इसी दौरान बातचीत के बहाने बबलू को कोल्ड ड्रिंक में जहर मिलाकर पिला दिया गया। इसके बाद उसे घर जाने के लिए कहा गया।
घर पहुंचने के बाद बिगड़ी तबीयत
घर लौटने के कुछ समय बाद बबलू ने तेज सिरदर्द और उल्टी की शिकायत की। परिजन उसे पड़ोसियों की मदद से नजदीकी नवजीवन हॉस्पिटल लेकर पहुंचे।डॉक्टरों ने जहर दिए जाने की आशंका जताते हुए उसे SMS हॉस्पिटल रेफर कर दिया। अस्पताल ले जाते समय बबलू ने कथित तौर पर परिजनों को बताया कि बिहारीपुरा में उसके ससुराल वालों ने उसे कोल्ड ड्रिंक में जहर दिया है।SMS हॉस्पिटल में इलाज के दौरान बबलू की मौत हो गई। इसके बाद पुलिस ने पोस्टमॉर्टम करवाकर शव परिजनों को सौंप दिया।
मोबाइल रिकॉर्डिंग से सामने आई बातचीत
मृतक के मोबाइल की रिकॉर्डिंग चेक करने पर पुलिस को बबलू की पत्नी सुनीता और उसके पिता प्रकाश के बीच हुई बातचीत की रिकॉर्डिंग मिली। शिकायत के मुताबिक, इस बातचीत में बबलू को जहर देने से जुड़ी बातें होने का दावा किया गया है।पुलिस ने मामले की जांच के लिए रिकॉर्डिंग समेत अन्य साक्ष्यों को जांच में शामिल किया है।कानोता थाना SHO वीरेंद्र सिंह के मुताबिक, मृतक की मां की शिकायत पर कोर्ट के आदेश के बाद शुक्रवार दोपहर हत्या का मामला दर्ज किया गया है।फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और शिकायत में लगाए गए आरोपों, मोबाइल रिकॉर्डिंग और अन्य साक्ष्यों की जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।



