ACB Trap In Jaipur: भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) की स्पेशल इन्वेस्टिगेशन विंग ने जयपुर में बड़ी कार्रवाई करते हुए इमरजेंसी रिस्पॉन्स-112 में तैनात पुलिस कांस्टेबल नोरत मीणा को 20 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है.वहीं, इस मामले में नामजद दूसरा आरोपी सुरेश चौधरी फरार हो गया, जिसकी तलाश जारी है.
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की अतिरिक्त महानिदेशक स्मिता श्रीवास्तव ने बताया कि ACB को एक शिकायत मिली थी, जिसमें आरोप लगाया गया था कि मुहाना थाना क्षेत्र में तैनात दोनों पुलिसकर्मियों ने एक फल-सब्जी व्यापारी से उसके पड़ोसी की शिकायत पर एससी/एसटी एक्ट में मामला दर्ज कराने का भय दिखाकर रिश्वत की मांग की. आरोपियों ने व्यापारी के खिलाफ कार्रवाई नहीं करने, उसकी दुकान का सामान जब्त नहीं करने और मुहाना मंडी स्थित दुकान को बिना किसी बाधा के संचालित होने देने के बदले 50 हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी. ACB ने 21 जून 2026 को शिकायत का गोपनीय सत्यापन कराया. सत्यापन के दौरान आरोपियों और परिवादी के बीच 20 हजार रुपये रिश्वत देने पर सहमति होने की पुष्टि हुई.
ट्रैप के दौरान रंगे हाथ गिरफ्तार
उप महानिरीक्षक डॉ. रामेश्वर सिंह के सुपरविजन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक झाबरमल के नेतृत्व तथा पुलिस निरीक्षक बाबूलाल गुर्जर की टीम ने ट्रैप कार्रवाई की. कार्रवाई के दौरान कांस्टेबल नोरत मीणा को 20 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया गया. हालांकि, दूसरा आरोपी सुरेश चौधरी मौके से फरार हो गया. ACB उसकी तलाश में जुटी है.
भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज
ACB ने बताया कि आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है. अतिरिक्त महानिदेशक स्मिता श्रीवास्तव और महानिरीक्षक एस. परिमाला के सुपरविजन में आरोपियों से पूछताछ और आगे की जांच जारी है.
भ्रष्टाचार की शिकायत के लिए हेल्पलाइन
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने नागरिकों से भ्रष्टाचार के मामलों की सूचना देने की अपील करते हुए कहा है कि टोल फ्री हेल्पलाइन 1064 और व्हाट्सएप हेल्पलाइन 9413502834 पर 24×7 संपर्क किया जा सकता है. ब्यूरो का कहना है कि शिकायतकर्ताओं के वैध कार्यों में हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी.
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