जयपुर। नगर निगम चुनाव में बीजेपी ने बड़ी बढ़त के साथ बोर्ड बनाने की स्थिति मजबूत कर ली है। 150 वार्डों में से 146 वार्डों की मतगणना पूरी हो चुकी है। इनमें बीजेपी ने 78 सीटों पर जीत दर्ज की, जबकि कांग्रेस के खाते में 53 और निर्दलीय प्रत्याशियों ने 15 सीटों पर जीत हासिल की है।
हालांकि, चार वार्डों में कुछ बूथों पर री-पोलिंग के कारण अंतिम तस्वीर अभी पूरी तरह साफ नहीं हुई है। वार्ड 9, 18, 25 और 34 के कुल 5 बूथों पर री-पोलिंग होगी। इनमें वार्ड 9 का बूथ नंबर 111, वार्ड 18 का बूथ नंबर 235, वार्ड 25 का बूथ नंबर 343 और वार्ड 34 के बूथ नंबर 477 व 484 शामिल हैं।
चुनावी नतीजों में बीजेपी के लिए एक बड़ा झटका वार्ड 110 से सामने आया। जयपुर की पूर्व मेयर और बीजेपी प्रत्याशी ज्योति खंडेलवाल को कांग्रेस की सुनीता मेठी ने हरा दिया। खास बात यह रही कि ज्योति खंडेलवाल अपने किसी भी बूथ पर बढ़त हासिल नहीं कर सकीं।
वहीं वार्ड 35 में बीजेपी नेता विमल कटियार को निर्दलीय प्रत्याशी के हाथों हार का सामना करना पड़ा। वार्ड 49 में कांग्रेस के धर्मसिंह सिंघानिया ने बीजेपी के मुकेश शर्मा ‘काका’ को शिकस्त दी।
उधर, वार्ड 14, 20 और 24 में प्रत्याशी और उनके समर्थक री-पोलिंग की मांग को लेकर धरने पर बैठ गए हैं।
जिला निर्वाचन अधिकारी एवं कलेक्टर संदेश नायक के मुताबिक 146 वार्डों की मतगणना पूरी हो चुकी है, जबकि चार वार्डों के चिन्हित बूथों पर री-पोलिंग होगी।
री-पोलिंग को लेकर नियम यह है कि यदि EVM में तकनीकी खराबी के कारण वोट रिकवर नहीं होते और जीत के करीब रहने वाले प्रत्याशियों के बीच वोटों का अंतर EVM में बंद वोटों की संख्या से कम या उसके बराबर रहता है, तो री-पोलिंग कराई जा सकती है। वहीं यदि प्रत्याशियों के बीच जीत का अंतर EVM में बंद वोटों से अधिक होता है, तो री-पोलिंग की जरूरत नहीं होगी।



