जयपुर। सीकर के पूर्व सांसद सुमेधानंद सरस्वती ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए सीकर जिला परिषद चुनावों में कांग्रेस को हराने का दावा किया। सुमेधानंद सरस्वती ने कहा कि जिले में कांग्रेस का कोई प्रभाव नहीं, जिसके कारण इस बार भी भाजपा अपना पिछला प्रदर्शन एक बार फिर दोहरायेगी। राजस्थान में पंचायत चुनावों को लेकर सियासी सरगर्मियां तेज हो गई हैं। जयपुर स्थित भाजपा प्रदेश मुख्यालय में बैठकों का दौर जारी है।
सुमेधानंद सरस्वती ने कहा कि पिछले 25 वर्षों में कांग्रेस केवल एक बार सीकर में जिला प्रमुख बनाने में सफल रही है। उन्होंने कहा कि जब राजस्थान में अशोक गहलोत के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार थी, तब भी भाजपा के सबसे ज्यादा जिला प्रमुख बने थे। उनके मुताबिक, कांग्रेस शासन के दौरान भी भाजपा की पंचायत समितियों और जिला परिषदों में स्थिति बेहतर रही थी।
‘गांवों में एंटी-इनकंबेंसी की बात कांग्रेस का दुष्प्रचार’
पूर्व सांसद ने ग्रामीण क्षेत्रों में भाजपा के खिलाफ एंटी-इनकंबेंसी की चर्चाओं को कांग्रेस का दुष्प्रचार बताया। उन्होंने कहा कि हाल ही में हुए नगरीय निकाय चुनावों में भी भाजपा का प्रदर्शन पहले की तुलना में बेहतर रहा है। सुमेधानंद के अनुसार, ग्रामीण क्षेत्रों के जो आठ वार्ड इस बार शहरी सीमा में शामिल हुए थे, उनमें से सात वार्डों में भाजपा ने जीत दर्ज की।
उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ग्रामीण क्षेत्रों में अपनी जीत को लेकर गलतफहमी में है। सुमेधानंद ने विधानसभा चुनावों का जिक्र करते हुए कहा कि कांग्रेस का पिछला रिकॉर्ड भी देखा जाना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि यदि बहुजन समाज पार्टी (बसपा) कांग्रेस के साथ नहीं आती, तो कांग्रेस दोनों बार सरकार बनाने में सफल नहीं होती।
पंचायत चुनावों में भाजपा-कांग्रेस के बीच मुकाबले पर नजर
सुमेधानंद सरस्वती ने कहा कि इस बार पंचायत चुनावों में कांग्रेस का यह भ्रम दूर हो जाएगा। उनके बयानों से साफ है कि भाजपा ग्रामीण क्षेत्रों में अपनी स्थिति को लेकर आश्वस्त नजर आ रही है। वहीं, पंचायत समिति और जिला परिषद चुनावों में दोनों प्रमुख दलों की रणनीति और चुनावी प्रदर्शन पर सबकी नजर रहेगी।
हालांकि, चुनाव परिणाम आने के बाद ही स्पष्ट होगा कि सीकर के ग्रामीण क्षेत्रों में मतदाताओं का समर्थन किस दल को मिलता है।



