नई दिल्ली। PM Modi-Putin Meeting: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की भारत मंडपम में करीब 45 मिनट तक द्विपक्षीय बैठक हुई। मुलाकात की शुरुआत गर्मजोशी से हुई, जब पीएम मोदी ने पुतिन का गले लगाकर स्वागत किया। इसके बाद प्रधानमंत्री ने उन्हें तमिल कवि तिरुवल्लुवर की प्रसिद्ध रचना ‘तिरुक्कुरल’ का रूसी अनुवाद भेंट किया।बैठक के बाद दोनों नेता एक ही कार से भारत मंडपम में आयोजित इंडस्ट्रियल एग्जीबिशन देखने पहुंचे। यहां उन्होंने रूस की टेक्नोलॉजी, AI, एविएशन, स्पेस, न्यूक्लियर एनर्जी और हेवी इंजीनियरिंग से जुड़ी प्रदर्शनी का जायजा लिया।
हालांकि दोनों नेताओं के बीच हुई बातचीत की पूरी जानकारी अभी सामने नहीं आई है, लेकिन भारत-रूस के बीच रक्षा सहयोग को लेकर कई अहम मुद्दे चर्चा में रहने की उम्मीद है। इनमें रूस के Su-57 स्टेल्थ फाइटर जेट, S-400 की बाकी खेप और ब्रह्मोस-NG जैसे रक्षा प्रोजेक्ट शामिल हैं। रूस ने Su-57 के निर्माण और तकनीक साझा करने की पेशकश भी की है।इसके अलावा दोनों देशों के बीच व्यापार को 2030 तक 100 अरब डॉलर तक पहुंचाने, परमाणु ऊर्जा, क्रिटिकल मिनरल्स, उर्वरक, रेलवे और औद्योगिक सहयोग बढ़ाने जैसे मुद्दों पर भी चर्चा हो सकती है।
मुलाकात के बाद पुतिन ने प्रधानमंत्री मोदी को 24वें भारत-रूस वार्षिक शिखर सम्मेलन के लिए रूस आने का न्योता भी दिया, जिसे पीएम मोदी ने स्वीकार कर लिया है। हालांकि दौरे की तारीख दोनों देशों की आपसी सहमति से तय होगी।
क्या है तिरुक्कुरल?
प्रधानमंत्री मोदी की ओर से पुतिन को भेंट की गई ‘तिरुक्कुरल’ तमिल कवि और दार्शनिक तिरुवल्लुवर की प्रसिद्ध रचना है। इसमें करीब 1,330 दोहे हैं, जिनमें नैतिकता, शासन, अर्थव्यवस्था, प्रेम और मानवीय मूल्यों जैसे विषयों पर विचार दिए गए हैं। इसे तमिल साहित्य की महत्वपूर्ण कृतियों में गिना जाता है।पुतिन और मोदी की मुलाकात ऐसे समय हुई है जब BRICS Summit के दौरान भारत और रूस के बीच रणनीतिक, आर्थिक और रक्षा सहयोग को आगे बढ़ाने पर दुनिया की नजर है।



