अजमेर। राजस्थान के अजमेर में अवैध रूप से रह रहे बांग्लादेशी नागरिकों की पहचान के लिए पुलिस का अभियान जारी है। इसी अभियान के तहत दरगाह क्षेत्र से 52 वर्षीय गुलाम मुस्तफा को पुलिस ने दस्तयाब किया है। पुलिस के अनुसार, पूछताछ के दौरान उसने करीब 25 साल पहले पश्चिम बंगाल बॉर्डर के रास्ते भारत में प्रवेश करने की बात कही है। फिलहाल पुलिस उसके नागरिकता संबंधी दस्तावेजों और भारत में रहने से जुड़े तथ्यों की जांच कर रही है। इस कार्रवाई को दरगाह थाना पुलिस और सीआईडी जोन की संयुक्त टीम ने अंजाम दिया। पुलिस गुलाम मुस्तफा से पूछताछ कर उसके भारत आने के रास्ते, अलग-अलग राज्यों में रहने और अजमेर पहुंचने से संबंधित जानकारी जुटा रही है।
दरगाह क्षेत्र से मिला सुराग
पुलिस के मुताबिक, 52 वर्षीय गुलाम मुस्तफा अजमेर के दरगाह क्षेत्र में रह रहा था। पूछताछ में उसने दावा किया कि वह करीब 25 साल पहले पश्चिम बंगाल सीमा के रास्ते भारत आया था। उसके भारत में प्रवेश और निवास से जुड़े तथ्यों की पुष्टि के लिए जांच की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि इतने वर्षों के दौरान वह किन-किन राज्यों में रहा और उसके पास पहचान या नागरिकता से संबंधित कौन से दस्तावेज उपलब्ध हैं।
कई राज्यों में रहने के बाद तीन महीने पहले लौटा अजमेर
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, भारत आने के बाद गुलाम मुस्तफा अलग-अलग राज्यों में घूमता रहा। बताया गया है कि वह करीब तीन महीने पहले महाराष्ट्र से दोबारा अजमेर आया था। इसके बाद वह दरगाह क्षेत्र में रहने लगा। अब पुलिस उसके पुराने ठिकानों, यात्रा के रास्तों और भारत में रहने की अवधि से संबंधित जानकारी जुटा रही है। जांच के दौरान उसके बयानों और उपलब्ध दस्तावेजों का सत्यापन किया जाएगा।
अजमेर पुलिस की 27वीं कार्रवाई, अब तक 61 लोग दस्तयाब
पुलिस के अनुसार, बांग्लादेशी नागरिकों की पहचान और सत्यापन के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत यह अजमेर जिला पुलिस की 27वीं कार्रवाई है। पुलिस का दावा है कि इस अभियान में अब तक कुल 61 लोगों को दस्तयाब किया जा चुका है। अभियान के तहत संबंधित व्यक्तियों की पहचान, भारत में प्रवेश के तरीके और उनके निवास से जुड़े तथ्यों की जांच की जा रही है। गुलाम मुस्तफा के मामले में भी पुलिस इन्हीं पहलुओं पर जानकारी जुटा रही है।
पूछताछ के बाद होगी आगे की कार्रवाई
फिलहाल गुलाम मुस्तफा से पूछताछ जारी है। पुलिस उसके बांग्लादेशी नागरिक होने, भारत में प्रवेश करने के दावे और विभिन्न राज्यों में रहने से संबंधित तथ्यों की पुष्टि कर रही है। जांच पूरी होने के बाद कानून के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।



