वॉशिंगटन। अमेरिका के 2026 मिडटर्म चुनाव में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की रिपब्लिकन पार्टी को बड़ा झटका लगा है। डेमोक्रेटिक पार्टी ने अमेरिकी संसद के दोनों सदनों यानी सीनेट और हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स में बहुमत हासिल कर लिया है। इस चुनाव परिणाम को ट्रम्प के दूसरे कार्यकाल के लिए महत्वपूर्ण राजनीतिक झटके के रूप में देखा जा रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक, डेमोक्रेट्स ने सीनेट और प्रतिनिधि सभा दोनों में नियंत्रण हासिल किया है। इस जीत के बाद अमेरिकी संसद में राष्ट्रपति ट्रम्प के फैसलों और नीतियों को चुनौती मिलने की संभावना बढ़ गई है।
मिशिगन से अब्दुल अल सैयद ने रचा इतिहास
इस चुनाव में मिशिगन से डेमोक्रेटिक उम्मीदवार अब्दुल अल सैयद की जीत भी चर्चा में है। उनकी जीत के साथ वह अमेरिकी इतिहास में सीनेटर चुने जाने वाले पहले मुस्लिम बन गए हैं। अब्दुल अल सैयद की उम्मीदवारी चुनाव प्रचार के दौरान काफी चर्चा में रही। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने चुनावी रैली में सार्वजनिक रूप से उन पर निशाना साधा था और उनकी उम्मीदवारी को लेकर विवादित बयान दिए थे। ट्रम्प ने अल सैयद पर आतंकवादियों का समर्थन करने के आरोप भी लगाए थे। हालांकि, अल सैयद ने मिशिगन में जीत हासिल कर सीनेट तक पहुंचने का रास्ता साफ किया।
हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स में डेमोक्रेट्स का बहुमत
अमेरिकी संसद के निचले सदन हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स में कुल 435 सीटें हैं। बहुमत के लिए 218 सीटों की आवश्यकता होती है। इस चुनाव में डेमोक्रेटिक पार्टी ने बहुमत का आंकड़ा पार करते हुए सदन पर नियंत्रण हासिल कर लिया। इस जीत के बाद डेमोक्रेटिक पार्टी को राष्ट्रपति ट्रम्प के विधायी एजेंडे पर रोक लगाने और उनकी सरकार की नीतियों की जांच करने के लिए अधिक राजनीतिक ताकत मिलेगी।
सीनेट में भी रिपब्लिकन पार्टी को झटका
अमेरिकी संसद के ऊपरी सदन सीनेट में कुल 100 सीटें हैं। 2026 के मिडटर्म चुनाव में इनमें से 35 सीटों पर चुनाव हुआ। डेमोक्रेटिक पार्टी ने कई महत्वपूर्ण राज्यों में जीत दर्ज करते हुए सीनेट में भी बहुमत हासिल कर लिया। इस परिणाम से अमेरिकी राजनीति में सत्ता का संतुलन बदल गया है।
गवर्नर चुनाव में भी डेमोक्रेट्स का प्रदर्शन
मिडटर्म चुनाव के दौरान अमेरिका के 36 राज्यों में गवर्नर पद के लिए भी चुनाव हुए। इन चुनावों में डेमोक्रेटिक और रिपब्लिकन उम्मीदवारों के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिला। कई राज्यों में डेमोक्रेटिक उम्मीदवारों ने जीत दर्ज की।
ट्रम्प के लिए आगे की राह होगी चुनौतीपूर्ण
अमेरिकी संसद के दोनों सदनों में डेमोक्रेट्स का बहुमत होने से राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के लिए आने वाले समय में कई राजनीतिक चुनौतियां खड़ी हो सकती हैं। डेमोक्रेट्स अब सरकार के फैसलों की निगरानी, प्रशासनिक नीतियों की जांच और विधायी प्रस्तावों पर अपनी भूमिका मजबूत कर सकेंगे। 2026 के मिडटर्म चुनाव के नतीजों ने अमेरिकी राजनीति में नया समीकरण बना दिया है।



