बैठक में यूडीएच के ACS आलोक गुप्ता, खान और पेट्रोलियम विभाग एसीएस अपर्णा अरोड़ा, राजस्व और उपनिवेश विभाग प्रमुख शासन सचिव टी रविकांत सहित वित्त विभाग के विभिन्न राजस्व अर्जक विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
जयपुर। राजस्थान सरकार की राजस्व प्राप्तियों में वित्तीय वर्ष 2026-27 के शुरुआती चार महीनों में उल्लेखनीय बढ़ोतरी दर्ज की गई है। मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास की अध्यक्षता में शुक्रवार को आयोजित प्रमुख राजस्व अर्जक विभागों की समीक्षा बैठक में बताया गया कि जुलाई 2026 तक राज्य ने 45,958 करोड़ रुपये का राजस्व संग्रह किया है, जो पिछले वित्तीय वर्ष की समान अवधि की तुलना में 11.69 प्रतिशत अधिक है। यह राशि वार्षिक बजट अनुमान का 24.05 प्रतिशत है।
बैठक में विभिन्न विभागों के प्रदर्शन की समीक्षा करते हुए मुख्य सचिव ने उत्कृष्ट कार्य करने वाले विभागों की सराहना की। शहरी विकास एवं आवासन विभाग ने सबसे अधिक 95.34 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की। वहीं पैट्रोलियम विभाग ने 34.03 प्रतिशत की वृद्धि के साथ अपने वार्षिक लक्ष्य का 41.18 प्रतिशत हासिल किया। पंजीयन एवं मुद्रांक विभाग ने डीएलसी दरों के सरलीकरण और ऑनलाइन सेवाओं के विस्तार से 28.89 प्रतिशत अधिक राजस्व प्राप्त किया।
खान विभाग में जिंक और लाइमस्टोन के उत्पादन तथा अंतरराष्ट्रीय कीमतों में बढ़ोतरी से 17.93 प्रतिशत की वृद्धि हुई। श्रम (सेस) विभाग में 17.70 प्रतिशत, परिवहन विभाग में ई-डिटेक्शन और सघन जांच अभियानों के चलते 13.58 प्रतिशत तथा वैट संग्रह में 13.40 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई। जीएसटी संग्रह में 9.54 प्रतिशत और आबकारी विभाग में कुल 7.54 प्रतिशत की वृद्धि हुई, जबकि जुलाई माह में आबकारी राजस्व में 18 प्रतिशत की मासिक बढ़ोतरी दर्ज की गई।
मुख्य सचिव ने कर चोरी पर सख्त कार्रवाई जारी रखने के निर्देश देते हुए बताया कि फर्जी फर्मों के खिलाफ अभियान में 63 अस्तित्वहीन फर्मों की पहचान कर 259.71 करोड़ रुपये की फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) रोकी गई है। उन्होंने उच्च मूल्य वाले मामलों की नियमित निगरानी, आधुनिक तकनीक के उपयोग, एआई आधारित विश्लेषण और एकीकृत डिजिटल पोर्टल विकसित करने पर भी जोर दिया। बैठक में यूडीएच के ACS आलोक गुप्ता, खान और पेट्रोलियम विभाग एसीएस अपर्णा अरोड़ा, राजस्व और उपनिवेश विभाग प्रमुख शासन सचिव टी रविकांत सहित वित्त विभाग के विभिन्न राजस्व अर्जक विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।



