जयपुर। राजस्थान में डिजिटल क्रॉप सर्वे (DCS) के तहत ऑनलाइन गिरदावरी को लेकर चल रहा विवाद अब नए मोड़ पर पहुंच गया है। पटवारियों के करीब 23 दिन के कार्य बहिष्कार के बाद राजस्व विभाग ने ऑनलाइन गिरदावरी से संबंधित पहले जारी आदेश को वापस ले लिया है। अब नई Standard Operating Procedure (SOP) के आधार पर गिरदावरी की व्यवस्था लागू किए जाने की तैयारी है। राजस्व विभाग ने मंगलवार को जारी आदेश में कहा कि ऑनलाइन गिरदावरी के लिए नई SOP जारी की जानी है। इसी वजह से 5 फरवरी को जारी पूर्व आदेश को प्रत्याहरित किया गया है। आदेश संबंधित संभागीय आयुक्तों, जिला कलेक्टरों और अन्य संबंधित अधिकारियों को भेजा गया है।
23 दिन बाद खत्म हुआ पटवारियों का कार्य बहिष्कार
डिजिटल क्रॉप सर्वे के तहत मोबाइल ऐप से गिरदावरी को लेकर पटवारी लंबे समय से तकनीकी और व्यवहारिक दिक्कतों का मुद्दा उठा रहे थे। पटवारियों का कहना था कि मौजूदा व्यवस्था में काम करने के दौरान कई तरह की परेशानियां सामने आ रही हैं। इसी के विरोध में प्रदेश में पटवारियों ने गिरदावरी कार्य का बहिष्कार किया था। सरकार की ओर से पुराना आदेश वापस लिए जाने के बाद पटवारी संगठन ने बुधवार से काम पर लौटने और खरीफ फसल की गिरदावरी शुरू करने की घोषणा की है।
नई SOP के बाद बदलेगी गिरदावरी की व्यवस्था
राजस्व विभाग अब डिजिटल गिरदावरी के लिए नई SOP तैयार कर रहा है। इसके जारी होने के बाद प्रदेशभर में पटवारी मोबाइल ऐप के माध्यम से फसलों का ऑनलाइन सर्वे नई गाइडलाइंस के अनुसार करेंगे। राजस्थान के आधिकारिक भू-प्रबंधन विभाग की वेबसाइट पर भी गिरदावरी के लिए मोबाइल ऐप उपलब्ध है और किसानों को फसल की जानकारी दर्ज करने के लिए संबंधित स्थानीय पटवारी से संपर्क करने की जानकारी दी गई है।
डिजिटल क्रॉप सर्वे क्यों है महत्वपूर्ण?
डिजिटल क्रॉप सर्वे से जुटाए गए आंकड़े केवल फसल का रिकॉर्ड रखने तक सीमित नहीं हैं। इन आंकड़ों का इस्तेमाल फसल उत्पादन के आकलन, कृषि सांख्यिकी, कृषि नीति निर्माण और किसानों से जुड़ी विभिन्न योजनाओं में किया जाता है। इसके अलावा प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, प्राकृतिक आपदा से मिलने वाली राहत और अन्य किसान कल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में भी फसल संबंधी आंकड़ों की भूमिका अहम रहती है।
पटवारियों की मांगों पर सरकार ने लिया यू-टर्न?
पटवारियों का कहना था कि मौजूदा डिजिटल गिरदावरी व्यवस्था में तकनीकी समस्याओं के साथ-साथ एक खसरे में एक से अधिक फसल होने या मानवीय भूल की स्थिति में दिक्कतें आती हैं। संगठन ने इन समस्याओं के समाधान और पुराने आदेश को वापस लेने की मांग की थी। अब सरकार की ओर से पुराने आदेश को वापस लेने के बाद नई SOP का इंतजार है। इससे यह उम्मीद जगी है कि डिजिटल गिरदावरी को लेकर पटवारियों की आपत्तियों को ध्यान में रखते हुए नई व्यवस्था तैयार की जाएगी।
आज से खेतों में उतरेंगे पटवारी
सरकार के आदेश के बाद पटवारियों ने कार्य बहिष्कार खत्म करने की घोषणा की है। ऐसे में बुधवार से प्रदेशभर में खरीफ फसल की गिरदावरी का काम फिर शुरू होने की संभावना है। अब सभी की नजर नई SOP पर है। नई गाइडलाइंस जारी होने के बाद यह साफ होगा कि डिजिटल गिरदावरी की प्रक्रिया में क्या बदलाव किए जाते हैं और पटवारियों की तकनीकी एवं व्यवहारिक समस्याओं का समाधान किस तरह किया जाता है।



