Nepal Political Crisis: नेपाल के पूर्व प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली और पूर्व गृह मंत्री रमेश लेखक को शनिवार सुबह पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। यह कार्रवाई पिछले साल हुए Gen-Z प्रदर्शन के मामले में की गई है, जिसमें 77 लोगों की मौत हुई थी।
भक्तपुर से गिरफ्तार किए गए ओली
काठमांडू। पुलिस के अनुसार केपी ओली को शनिवार सुबह भक्तपुर के गुंडु स्थित उनके आवास से गिरफ्तार किया गया। वहीं पूर्व गृह मंत्री रमेश लेखक को सूर्यविनायक इलाके से हिरासत में लिया गया। यह कार्रवाई गृह मंत्रालय की शिकायत और जांच आयोग की रिपोर्ट के आधार पर की गई है।
लापरवाही के आरोप में हो सकती है सजा
जांच आयोग ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि प्रदर्शन के दौरान हालात संभालने में गंभीर लापरवाही हुई थी। रिपोर्ट में सुझाव दिया गया है कि संबंधित नेताओं पर आपराधिक मामला चलाया जाए, जिसमें 10 साल तक की सजा हो सकती है। इस मामले में कई वरिष्ठ अधिकारियों के खिलाफ भी कार्रवाई की सिफारिश की गई है।
मेडिकल जांच के बाद बटालियन में शिफ्ट होंगे
गिरफ्तारी के बाद दोनों नेताओं को मेडिकल जांच के लिए अस्पताल ले जाया गया है। अधिकारियों के अनुसार जांच पूरी होने के बाद उन्हें आर्म्ड पुलिस फोर्स की महाराजगंज स्थित बटालियन में शिफ्ट किया जाएगा। सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए काठमांडू घाटी में पुलिस की तैनाती बढ़ा दी गई है।
Gen-Z प्रदर्शन में हुई थी भारी हिंसा
नेपाल में पिछले साल सोशल मीडिया बैन और भ्रष्टाचार के खिलाफ Gen-Z का प्रदर्शन शुरू हुआ था, जो बाद में हिंसक हो गया। इस दौरान सरकारी इमारतों में आगजनी और तोड़फोड़ की घटनाएं सामने आई थीं। हालात बिगड़ने पर पुलिस को फायरिंग करनी पड़ी, जिसमें 70 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई थी। कुल मिलाकर इस आंदोलन में 77 लोगों की जान गई थी।
बालेन शाह के पीएम बनने के बाद कार्रवाई
यह गिरफ्तारी ऐसे समय में हुई है जब हाल ही में बालेन शाह ने नेपाल के प्रधानमंत्री पद की शपथ ली है। उनकी सरकार ने जांच रिपोर्ट लागू करने का फैसला लिया, जिसके बाद पुलिस ने यह बड़ा कदम उठाया।



