ICC Rule Change: अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) ने 2027 वनडे विश्व कप और 2028 टी20 विश्व कप के फॉर्मेट में बड़े बदलावों को मंजूरी दी है. बुधवार को हुई ICC की वार्षिक बैठक में लिए गए इन फैसलों का उद्देश्य टूर्नामेंट को अधिक प्रतिस्पर्धी और रोमांचक बनाना है.
2027 वनडे विश्व कप में Super-7 चरण
दक्षिण अफ्रीका में आयोजित होने वाले 2027 वनडे विश्व कप में 14 टीमें हिस्सा लेंगी. हालांकि, टूर्नामेंट के प्रारूप में बदलाव करते हुए अब इसमें सुपर सीरीज और सुपर-7 चरण जोड़ा गया है. सुपर सीरीज में 3 टीम के बीच मुकाबले होंगे जिनमें से एक टीम दूसरे दौर में पहुंचेगी. जहां 6 टीम को दो ग्रुप में बांटा जाएगा. प्रत्येक ग्रुप से शीर्ष तीन टीम और दोनों समूहों में शेष टीम में सबसे बेहतर प्रदर्शन करने वाली एक टीम सुपर-7 (पहले प्रस्तावित सुपर-6 के स्थान पर) में पहुंचेगी. सुपर-7 चरण से शीर्ष चार टीम सेमीफाइनल के लिए क्वालीफाई करेंगी.
2028 टी20 विश्व कप में Super-10
ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड की मेजबानी में होने वाले 2028 टी20 विश्व कप में भी बड़ा बदलाव किया गया है. अब ग्रुप चरण के बाद सुपर-8 की जगह सुपर-10 चरण खेला जाएगा. टूर्नामेंट में चार-चार टीमों के पांच ग्रुप होंगे. प्रत्येक ग्रुप की शीर्ष दो टीमें Super-10 में प्रवेश करेंगी.
एलिमिनेटर मुकाबलों से बढ़ेगा रोमांच
नए प्रारूप के तहत अब प्रत्येक ग्रुप की केवल शीर्ष टीम ही सीधे अंतिम चार में पहुंचेगी. वहीं दूसरे स्थान पर रहने वाली टीम विपरीत ग्रुप की तीसरे स्थान वाली टीम के खिलाफ एलिमिनेटर मुकाबला खेलेगी. इससे प्रतियोगिता में एक नया रोमांच जुड़ जाएगा.
क्वालिफिकेशन में भी बदलाव
टी20 विश्व कप के क्वालिफिकेशन सिस्टम में भी बदलाव
स्कॉटलैंड को विशेष परिस्थितियों में 2026 टी20 विश्व कप में खेलने के कारण सीधे यूरोप रीजनल फाइनल में जगह मिलेगी. वहीं 2026 विश्व कप में खेलने वाली लेकिन स्वतः क्वालिफाई नहीं कर पाने वाली टीमें सीधे ग्लोबल क्वालिफायर में पहुंचेंगी. बाकी 8 स्थान क्षेत्रीय क्वालिफायर के जरिए तय होंगे. इनमें अफ्रीका, एशिया और यूरोप से दो-दो टीम जबकि अमेरिका और पूर्वी एशिया प्रशांत क्षेत्र से एक-एक टीम क्वालीफाई करेगी. ग्लोबल क्वालिफायर से प्रत्येक क्षेत्र की शीर्ष टीम और कुल मिलाकर अगली 3 सर्वश्रेष्ठ टीमें 2028 टी20 विश्व कप का टिकट हासिल करेंगी.
नवंबर में मिलेगी अंतिम मंजूरी
आईसीसी ने बताया कि नए प्रारूप को विकास समिति और मुख्य कार्यकारी समिति की सिफारिश पर बोर्ड ने मंजूरी दी है। हालांकि नवंबर में होने वाली वित्त एवं वाणिज्यिक मामलों की समिति की समीक्षा के बाद इसे अंतिम स्वीकृति दी जाएगी.



