Assembly Elections 2026 Dates: चुनाव आयोग रविवार (15 मार्च) शाम को 5 राज्यों में होने वाले विधानसभा चुनावों की तारीखों की घोषणा कर सकता है. चुनाव आयोग ने आज शाम 4 बजे दिल्ली में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस करेगा. इस साल पश्चिम बंगाल, केरल, तमिलनाडु, असम और केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी में विधानसभा चुनाव होने हैं. इन सभी विधानसभाओं का कार्यकाल मई और जून में अलग-अलग तारीखों पर समाप्त हो रहा है.
किस विधानसभा का कब खत्म हो रहा कार्यकाल?
चुनाव आयोग के अनुसार, असम विधानसभा का कार्यकाल 20 मई, केरल का 23 मई, तमिलनाडु का 10 मई, पश्चिम बंगाल का 7 मई और पुडुचेरी का कार्यकाल 15 जून को समाप्त हो रहा है. जिसको देखते हुए अप्रैल-मई में मतदान संपन्न होने की पूरी उम्मीद है.
आदर्श आचार संहिता हो जाएगी लागू
चुनाव आयोग की ओर से चुनाव कार्यक्रम की घोषणा के साथ ही आदर्श चुनाव आचार संहिता भी तुरंत लागू हो जाएगी. चुनाव की तैयारी के तहत मतदाताओं की सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) पूरा कर लिया गया है. इस प्रक्रिया के तहत चारों राज्यों और पुडुचेरी की अंतिम मतदाता सूची भी प्रकाशित कर दी गई है.
पिछली बार क्या रहे थे परिणाम ?
असम की 126 विधानसभा सीटों के लिए पिछली बार 3 चरणों में चुनाव हुए थे। राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन ने 75 सीटें जीतकर बहुमत हासिल किया था और राज्य में लगातार दूसरी बार भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व में सरकार बनी थी.
पश्चिम बंगाल की 294 सीटों के लिए आठ चरणों में मतदान कराया गया था। तृणमूल कांग्रेस ने 215 सीटें जीतकर बड़ी जीत दर्ज की थी, जबकि भाजपा को 77 सीटें मिली थीं। इसके बाद ममता बनर्जी मुख्यमंत्री बनी थीं।
तमिलनाडु की 234 विधानसभा सीटों के लिए एक ही चरण में मतदान हुआ था। द्रविड़ मुनेत्र कड़गम ने 133 सीटें जीतकर सरकार बनाई थी। अखिल भारतीय अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कड़गम को 66 और भाजपा को 5 सीटें मिली थीं। इसके बाद एम. के. स्टालिन मुख्यमंत्री बने थे।
केरल की 140 सीटों के लिए एक ही चरण में मतदान हुआ था। लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट ने 99 सीटें जीतीं, जबकि यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट को 41 सीटें मिलीं। इसके बाद पिनराई विजयन लगातार दूसरी बार मुख्यमंत्री बने थे।
पुडुचेरी की 30 विधानसभा सीटों के लिए एक चरण में मतदान हुआ था। राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन ने 16 सीटें जीतकर सरकार बनाई थी, जबकि संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन को 9 सीटें मिली थीं। इसके बाद एन. रंगास्वामी मुख्यमंत्री बने थे।




