Thursday, March 12, 2026
HomePush NotificationUS Trade Investigation : अमेरिका ने भारत, चीन समेत कई देशों पर...

US Trade Investigation : अमेरिका ने भारत, चीन समेत कई देशों पर शुरू की व्यापार जांच, विनिर्माण क्षमता को बताया यूएस उद्योग के लिए खतरा

अमेरिका ने अपने प्रमुख व्यापारिक प्रतिष्ठानों, जिनमें भारत, चीन, जापान और यूरोपीय संघ शामिल हैं, के खिलाफ ‘अनुचित विदेशी प्रचलन’ की जांच शुरू की है। जैमीसन ग्रीर ने 1974 के व्यापार अधिनियम की धारा 301 के तहत यह कदम उठाया है। जांच का उद्देश्य विनिर्माण क्षेत्र में अतिरिक्त उत्पादन और क्षमता से अमेरिकी उद्योग पर पड़ने वाले असर का आकलन करना है। इस पर उद्धरण 17 मार्च से और सुनवाई 5 मई 2026 से शुरू होगी।

US Trade Investigation : न्यूयॉर्क। अमेरिका ने भारत, चीन, जापान और यूरोपीय संघ जैसे अपने प्रमुख व्यापारिक साझेदारों के खिलाफ जांच शुरू की है। इसका उद्देश्य उन ‘‘अनुचित विदेशी प्रथाओं’’ की पता लगाना है जिनसे अमेरिकी विनिर्माण क्षेत्र पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है। अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि (यूएसटीआर) जैमीसन ग्रीर ने 1974 के व्यापार अधिनियम की धारा 301(बी) के तहत विभिन्न देशों की नीतियों, कार्यों तथा प्रथाओं की जांच शुरू करने की घोषणा की। यह जांच विनिर्माण क्षेत्रों में संरचनात्मक अतिरिक्त क्षमता एवं अत्यधिक उत्पादन से जुड़े मुद्दों पर केंद्रित है।

United States ने प्रमुख व्यापारिक साझेदार देशों के खिलाफ जांच का ऐलान

यह जांच बांग्लादेश, कंबोडिया, चीन, यूरोपीय संघ, भारत, इंडोनेशिया, जापान, दक्षिण कोरिया, मलेशिया, मेक्सिको, नॉर्वे, सिंगापुर, स्विट्जरलैंड, ताइवान, थाईलैंड और वियतनाम के खिलाफ शुरू की गई है। यूएसटीआर ग्रीर ने बुधवार को जारी बयान में कहा कि जांच के दौरान यह तय किया जाएगा कि इन देशों की नीतियां और प्रथाएं अनुचित या भेदभावपूर्ण हैं या नहीं और क्या वे अमेरिकी व्यापार पर बोझ डालती हैं या उसे सीमित करती हैं।

वैश्विक व्यापारिक साझेदारों के खिलाफ जांच, अमेरिकी उद्योग को नुकसान का आरोप

ग्रीर ने कहा, “ अमेरिका अब अपने औद्योगिक आधार को उन देशों के लिए बलिदान नहीं करेगा, जो अतिरिक्त उत्पादन एवं क्षमता की अपनी समस्याएं हमारे यहां निर्यात कर रहे हैं।’’ उन्होंने कहा कि यह जांच अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के उस संकल्प को दर्शाती है, जिसके तहत महत्वपूर्ण आपूर्ति शृंखलाओं को फिर से अमेरिका में स्थापित करने एवं अमेरिकी विनिर्माण क्षेत्रों में बेहतर वेतन वाली नौकरियां उत्पन्न करने का प्रयास किया जा रहा है। ग्रीर ने कहा कि कई विदेशी अर्थव्यवस्थाओं में विनिर्माण क्षेत्रों में अत्यधिक उत्पादन क्षमता है और कई देशों में घरेलू खपत से अधिक वस्तुओं का उत्पादन हो रहा है। उन्होंने कहा, ‘‘ यह अतिरिक्त उत्पादन अमेरिका के घरेलू उत्पादन को प्रतिस्थापित कर देता है या फिर उन निवेशों एवं विस्तार को रोक देता है जो अन्यथा अमेरिकी विनिर्माण क्षेत्र में हो सकते थे। कई क्षेत्रों में अमेरिका ने घरेलू उत्पादन क्षमता का बड़ा हिस्सा खो दिया है या विदेशी प्रतिस्पर्धियों से काफी पीछे रह गया है।’’

इस 1974 के व्यापार अधिनियम की धारा 301 का उपयोग उन विदेशी सरकारी प्रथाओं के खिलाफ कार्रवाई के लिए किया जाता है जो अमेरिकी व्यापार के लिए अनुचित, भेदभावपूर्ण या बाधा उत्पन्न करने वाली मानी जाती हैं। धारा 302 (बी) के तहत यूएसटीआर स्वयं भी धारा 301 के अंतर्गत जांच शुरू कर सकता है। जांच शुरू करने से पहले ग्रीर ने अंतर-विभागीय धारा 301 समिति की सलाह और संबंधित सलाहकार समितियों से परामर्श लिया। जांच की शुरुआत के बाद अमेरिका को उन देशों के साथ परामर्श करना होगा जिनकी नीतियां या प्रथाएं जांच के दायरे में हैं। यूएसटीआर ने इस संबंध में चीन, यूरोपीय संघ, सिंगापुर, स्विट्जरलैंड, नॉर्वे, इंडोनेशिया, मलेशिया, कंबोडिया, थाईलैंड, दक्षिण कोरिया, वियतनाम, ताइवान, बांग्लादेश, मेक्सिको, जापान और भारत की सरकारों से परामर्श का अनुरोध किया है। इन जांचों पर टिप्पणियां 17 मार्च 2026 से दर्ज की जाएंगी जबकि इससे संबंधित सुनवाई पांच मई 2026 से शुरू होगी।

Mukesh Kumar
Mukesh Kumarhttps://jagoindiajago.news/
समाचार लेखन की दुनिया में एक ऐसा नाम जो सटीकता, निष्पक्षता और रचनात्मकता का सुंदर संयोजन प्रस्तुत करता है। हर विषय को गहराई से समझकर उसे आसान और प्रभावशाली अंदाज़ में पाठकों तक पहुँचाना मेरी खासियत है। चाहे वो ब्रेकिंग न्यूज़ हो, सामाजिक मुद्दों पर विश्लेषण या मानवीय कहानियाँ – मेरा उद्देश्य हर खबर को इस तरह पेश करना है कि वह सिर्फ जानकारी न बने बल्कि सोच को भी झकझोर दे। पत्रकारिता के प्रति यह जुनून ही मेरी लेखनी की ताकत है।
RELATED ARTICLES
- Advertisment -
Google search engine

Most Popular