India US Trade Deal Controversy : पुडुकोट्टई। तमिलनाडु के मंत्री एस. रघुपति ने भारत-अमेरिका व्यापार समझौते को लेकर सोमवार को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर हमला किया और दावा किया कि इस समझौते से अमेरिका को अधिक फायदा हुआ है। द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) नेता ने यहां संवाददाताओं से बातचीत में इस समझौते के लिए एक पारंपरिक उपमा का प्रयोग किया। रघुपति ने आरोप लगाया, ‘‘आप चावल लाओ, मैं भूसी लाऊंगा। हम दोनों मिलकर खाएंगे। आज, अमेरिका ने भूसी दी है लेकिन वह भारत की संपत्ति को ले जा रहा है। प्रधानमंत्री मोदी और अमेरिका के बीच हुए समझौते का यही सार है।’’
रघुपति ने मोदी पर तमिलों के प्रति दोहरा मापदंड अपनाने का भी आरोप लगाया
प्राकृतिक संसाधन मंत्री ने दावा किया कि समझौते की शर्तें अमेरिका के पक्ष में तैयार की गई हैं। मंत्री ने कहा, ‘‘उन्होंने आयात शुल्क 3 प्रतिशत से बढ़ाकर 50 प्रतिशत कर दिया। अब, (अमेरिका द्वारा) इसे घटाकर 18 प्रतिशत किये जाने के बाद, यह सरकार अपनी बड़ाई कर रही है और दावा कर रही है कि उन्होंने इसे 18 प्रतिशत तक इसलिए कम किया है ताकि भारतीय व्यापार को बढ़ावा मिले।’’ उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री के फैसले अंततः कॉरपोरेट हितों की पूर्ति करते हैं। मंत्री ने कहा, ‘‘मोदी द्वारा लिए गए किसी भी निर्णय का फायदा आखिरकार अदाणी और अंबानी को ही होगा, जो उनकी संपत्ति बढ़ाने की प्रक्रिया के रूप में कार्य करता है।’’
रघुपति ने मोदी पर तमिलों के प्रति दोहरा मापदंड अपनाने का भी आरोप लगाया। उन्होंने दावा किया कि प्रधानमंत्री विदेशों में तमिल संस्कृति की प्रशंसा करते हैं, जबकि भारत में उनके बयान बदल जाते हैं। मंत्री ने आरोप लगाया, ‘‘जब वह (मोदी) अमेरिका या मलेशिया जाते हैं, तो वहां भारतीय तमिल आबादी होने के कारण तमिल भाषा की काफी प्रशंसा करते हैं। लेकिन जब वह ओडिशा या बिहार जाते हैं, तो तमिल भाषी को चोर कहते हैं।’’
रघुपति ने टीवीके नेता के. ए. सेंगोट्टैयन द्वारा नये राजनीतिक दलों के मत प्रतिशत के संबंध में किये गए हालिया दावों को खारिज कर दिया। भाजपा द्वारा भगवान मुरुगन जैसे मुद्दों पर ध्यान केंद्रित करने के विषय पर उन्होंने कहा कि द्रविड़ मॉडल सरकार ही श्रद्धालुओं के हितों की सच्ची संरक्षक है। उन्होंने कहा, ‘‘चाहे वे मुरुगन को पूजें या राम को, हम दूसरों की धार्मिक संस्कृति में हस्तक्षेप नहीं करते। हमारी सरकार उन सभी को आवश्यक सुविधाएं प्रदान करती है जो अपने इष्ट देवता की पूजा करना चाहते हैं। हमारी द्रविड़ सरकार एकमात्र ऐसी सरकार है जिसने पांच वर्षों में 4,000 मंदिरों का अभिषेक किया है।’’ द्रमुक के नेतृत्व वाले गठबंधन में चुनाव समितियों के गठन को लेकर पूछे गए सवालों का जवाब देते हुए रघुपति ने आश्वासन दिया कि इसमें कोई देरी नहीं हुई है। उन्होंने कहा, ‘‘हमारे नेता (मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन) उपयुक्त समय आने पर रणनीति बनाएंगे और गठबंधन समितियों पर फैसला करेंगे। कोई अड़चन नहीं आएगी। किसी को चिंता करने की जरूरत नहीं है।’’




