Rahul Gandhi Speech in Lok Sabha: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने अमेरिका के साथ व्यापार समझौते को लेकर बुधवार को आरोप लगाया कि नरेन्द्र मोदी सरकार ने पूरी तरह सरेंडर कर दिया है और उसे शर्म आनी चाहिए कि उसने भारत माता को बेच दिया है’. उन्होंने केंद्रीय बजट पर चर्चा में भाग लेते हुए दावा किया कि प्रधानमंत्री मोदी इस तरह का समझौता करने को विवश हुए क्योंकि अमेरिका ने उनकी ‘गर्दन पकड़ रखी है’. कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष ने सत्तापक्ष के सदस्यों की टोका-टाकी के बीच यह भी कहा कि भारत-अमेरिका समझौते में देश के किसानों के हितों को कुचल दिया गया, जैसा आज से पहले किसी प्रधानमंत्री ने नहीं किया और आगे भी कोई नहीं करेगा.
उद्योगपति पर चल रहे मामले का जिक्र कर साधा निशाना
कांग्रेस नेता ने प्रधानमंत्री मोदी और सरकार पर निशाना साधते हुए अमेरिका में एक भारतीय उद्योगपति के खिलाफ दर्ज मामले और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चित एक प्रकरण का उल्लेख किया, जिस पर पीठासीन सभापति ने नियमों का हवाला देते हुए कहा कि यह रिकॉर्ड में शामिल नहीं होगा. संसदीय कार्य मंत्री किरेन रीजीजू ने कहा कि नेता प्रतिपक्ष ने जो आरोप लगाए हैं उन्हें उन आरोपों को सत्यापित करना चाहिए, जिस पर कांग्रेस नेता ने कहा कि वह इसके लिए तैयार हैं.
There is a certain businessman (Anil Ambani) whose name has appeared in the Epstein files, and that businessman is not in jail. There are criminal cases against him.
— Congress (@INCIndia) February 11, 2026
: LoP Shri @RahulGandhi in Lok Sabha pic.twitter.com/PAe0n4S80d
किसी भी चर्चा को बराबरी के स्तर पर होना चाहिए: राहुल गांधी
राहुल गांधी ने कहा, ‘मुझे सबसे ज़्यादा हैरानी इस बात पर हुई कि अमेरिका-भारत व्यापार समझौते में क्या हुआ. अगर हम ‘इंडिया’ गठबंधन (की सरकार में) अमेरिका के राष्ट्रपति से बातचीत कर रहे होते, तो हम एक बात बिल्कुल साफ़ करते कि इस पूरे समीकरण में सबसे महत्वपूर्ण पूंजी भारतीय डेटा है. अगर अमेरिका डॉलर को सुरक्षित रखना चाहता है, तो उसे यह मानना होगा कि भारतीय डेटा एक रणनीतिक पूंजी है और किसी भी चर्चा को बराबरी के स्तर पर होना चाहिए, मालिक और नौकर की तरह नहीं.’
We have buckled on tariffs and handed over our data – giving up digital trade rules, data localisation, digital taxes, and source code disclosure, while offering a 20-year tax holiday.
— Congress (@INCIndia) February 11, 2026
🚨 India’s most valuable asset has been surrendered.
👉This is not reform; this is complete… pic.twitter.com/pJZSQKUUKv
उन्होंने आगे कहा, ‘हम यह भी स्पष्ट करते कि भारत की ऊर्जा सुरक्षा पर कोई समझौता नहीं हो सकता और जहां अमेरिका अपने किसानों की रक्षा करेगा, वहीं हम अपने किसानों की रक्षा करेंगे. ‘इंडिया’ गठबंधन की सरकार बराबरी की ताकत की तरह बातचीत करती, भारत को पाकिस्तान के बराबर नहीं खड़ा करने देती और ऐसे किसी भी प्रतीकात्मक अपमान पर कड़ा विरोध दर्ज कराती.’
डील में डेटा लोकलाइजेशन हटाया: राहुल गांधी
कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि इस समझौते में मोदी सरकार ने डिजिटल व्यापार के नियमों पर नियंत्रण छोड़ दिया, ‘डेटा लोकलाइजेशन’ हटाया, अमेरिका को डेटा का मुक्त प्रवाह करने की अनुमति दी, डिजिटल कर पर सीमा लगा दी, सोर्स कोड खुलासा करने की शर्त हटा दी और बड़ी टेक कंपनियों को लंबे ‘टैक्स हॉलिडे’ ( लंबे समय तक कर से छूट) दे दिए.’
डील में किसानों की अनदेखी का लगाया आरोप
राहुल गांधी ने भारत-अमेरिका व्यापार समझौते का हवाला देते हुए कहा कि इतिहास में पहली बार भारतीय किसान एक भयानक तूफ़ान का सामना कर रहे हैं. ‘आपने (सरकार) हज़ारों एकड़ में फैले यांत्रिक अमेरिकी खेतों के लिए दरवाज़ा खोल दिया है, जिससे हमारे छोटे किसानों को पूरी तरह कुचल दिया गया है. यह बेहद शर्मनाक है और न आपसे (नरेन्द्र मोदी) पहले किसी प्रधानमंत्री ने ऐसा किया और न आपके बाद कोई ऐसा करने की हिम्मत करेगा. उन्होंने आरोप लगाया कि अमेरिका को भारत की वित्त व्यवस्था और ऊर्जा को भारत के ही खिलाफ हथियार की तरह इस्तेमाल करने की छूट दे दी गई है.
For the first time in Indian history, our farmers are facing a storm. You have opened the door to mechanised American farms spanning thousands of acres, effectively crushing our small farmers. This is disgraceful, and no Prime Minister before you or after you will ever do this.… pic.twitter.com/XuK4teaMxe
— Congress (@INCIndia) February 11, 2026
क्या आपको भारत को बेचने पर शर्म नहीं आती: राहुल गांधी
नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कहा, ‘आप इस सदन में आकर इसका बचाव कैसे कर सकते हैं? जो कुछ आप सौंप रहे हैं, उस पर आपको शर्म नहीं आती? उन्होंने आरोप लगाया, ‘आपने (सरकार) भारत को बेच दिया है। क्या आपको भारत को बेचने पर शर्म नहीं आती? आपने हमारी भारत माता को बेच दिया है. दिलचस्प बात यह है कि मैं जानता हूं कि प्रधानमंत्री सामान्य परिस्थितियों में कभी भारत को नहीं बेचते. आप जानते हैं उन्होंने भारत को क्यों बेचा? क्योंकि उन्होंने (अमेरिका ने) उनकी गर्दन पकड़ रखी है. हम प्रधानमंत्री की आंखों में डर साफ़ देख सकते हैं.’
What surprises me is what happened in the US-India Trade Deal.
— Congress (@INCIndia) February 11, 2026
If the INDIA Alliance were negotiating with President Trump, we would make one thing clear: the most important asset in this equation is Indian data. If the U.S. wants to protect the dollar, it must recognise that… pic.twitter.com/nrldMn7Td0
जनसंख्या त्रासदी नहीं ताकत है: राहुल गांधी
राहुल गांधी ने कहा, ‘अमेरिका और चीन के बीच मुकाबले में सबसे महत्वपूर्ण बात भारत का डेटा है. अगर अमेरिका महाशक्ति बने रहना चाहता है और डॉलर की रक्षा करना चाहता है तो अमेरिकियों के लिए भारत का डेटा बहुत महत्वपूर्ण है. कुछ लोग कहते हैं कि जनसंख्या त्रासदी है, लेकिन मैं कहता हूं कि यह ताकत है.’
The interesting thing is that I know the Prime Minister would not sell India under normal circumstances. He would not do it.
— Congress (@INCIndia) February 11, 2026
So why has he sold India?
👉Because they are choking him.
He has sold India because they have a grip on his neck.
जब मार्शल आर्ट में चोक लगाते हैं,… pic.twitter.com/Lo3vxX9uCd
राहुल गांधी ने कहा कि बजट में इस बात को माना गया है कि ऊर्जा और वित्त को दुनियाभर में हथियार बनाया जा रहा है, लेकिन इस बारे में बजट में किसी कदम का उल्लेख नहीं है. उन्होंने कहा, ‘हमें अपने लोगों, डेटा, खाद्य आपूर्ति और ऊर्जा तंत्र की सुरक्षा करनी होगी.’




