Middle East War: नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (PM Narendra Modi) ने सोमवार को लोकसभा में कहा कि पश्चिम एशिया में युद्ध ने भारत के समक्ष कई अप्रत्याशित चुनौतियां खड़ी कर दी हैं, लेकिन सरकार स्थिति से निपटने के लिए सजग और तत्पर है। उन्होंने सदन में दिए एक वक्तव्य में यह भी कहा कि सरकार यह सुनिश्चित कर रही है कि देश में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की कमी नहीं हो तथा देश के नागरिकों को परेशानी नहीं हो।
#WATCH पश्चिम एशिया संघर्ष पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, "इस युद्ध से दुनिया में जो मुश्किल हालात बने हैं, उनका असर लंबे समय तक रहने की संभावना है, इसलिए हमें तैयार रहना चाहिए और एकजुट रहना चाहिए। हमने COVID के समय में एकता के साथ ऐसी चुनौतियों का सामना किया है और अब हमें… pic.twitter.com/DcAl3YgPXZ
— ANI_HindiNews (@AHindinews) March 23, 2026
देश के पास 53 लाख मीट्रिक टन का रणनीतिक पेट्रोलियम भंडार है : PM मोदी
प्रधानमंत्री मोदी ने सदन को बताया कि देश के पास 53 लाख मीट्रिक टन का रणनीतिक पेट्रोलियम भंडार है। उन्होंने कहा कि हर संभव माध्यम से पेट्रोल और गैस की उपलब्धता सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार ने पिछले एक दशक में ऊर्जा सुरक्षा को लेकर जो भी कदम उठाए हैं, वे मौजूदा स्थिति को देखते हुए और भी प्रासंगिक हो गए हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि पश्चिम एशिया संकट शुरू हुए तीन सप्ताह से ज्यादा हो गया है तथा सभी देशों की अर्थव्यवस्था और जनजीवन पर इसका प्रतिकूल असर पड़ रहा है। उन्होंने कहा, ‘‘इस युद्ध ने भारत के समक्ष अप्रत्याशित चुनौतियां खड़ी कर दी हैं। ये (चुनौतियां) न केवल आर्थिक, बल्कि राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी और मानवीय भी हैं।’’



