Amit Shah on Delhi Police Foundation Day: दिल्ली पुलिस के 79वें स्थापना दिवस परेड समारोह को संबोधित करते हुए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सोमवार को कहा कि देश में आने वाले वर्षों में 3 नए आपराधिक कानूनों के पूरी तरह लागू होने के बाद आपराधिक मामलों में दोषसिद्धि की दर 80 प्रतिशत तक बढ़ जाएगी. इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि माओवादी हिंसा के खिलाफ लड़ाई अपने अंतिम चरण में है और इस साल मार्च तक इस खतरे को हमेशा के लिए खत्म कर दिया जाएगा.
‘3 नए आपराधिक कानून मामलों को निपटाने में बनेंगे मददगार ‘
शाह ने कहा कि न्याय पर आधारित 3 नए आपराधिक कानून पिछले 11 वर्षों में देश द्वारा हासिल की गई महत्वपूर्ण उपलब्धियों में से एक हैं, जो आने वाले कुछ वर्षों में पूरी तरह से लागू होने के बाद मामलों के निपटारे और दोषसिद्धि की दर को बढ़ाने में मदद करेंगे.
गृह मंत्री 3 नए आपराधिक कानूनों – भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) और भारतीय साक्ष्य अधिनियम (बीएसए) का जिक्र कर रहे थे – जिन्होंने एक जुलाई, 2024 को भारतीय दंड संहिता (आईपीसी), दंड प्रक्रिया संहिता (सीआरपीसी) और ‘इंडियन एविडेंस एक्ट’ (भारतीय साक्ष्य अधिनियम) की जगह थी.
क्या है दिल्ली पुलिस की सेफ सिटी परियोजना ?
गृह मंत्री ने दिल्ली पुलिस की कई नई पहलों की भी शुरुआत की, जिनमें विशेष प्रकोष्ठ के लिए एक एकीकृत मुख्यालय और ‘सेफ सिटी’ परियोजना का पहला चरण शामिल है. उन्होंने कहा कि ‘सेफ सिटी’ परियोजना के पहले चरण के तहत, 10,000 AI-सक्षम सीसीटीवी कैमरों में से 2,100 कैमरों को निगरानी नेटवर्क से जोड़ा जा चुका है. शाह ने यह भी कहा कि पहले से मौजूद 15,000 सीसीटीवी कैमरों को भी इसमें एकीकृत किया गया है.
#WATCH दिल्ली: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा, "दिल्ली पुलिस की 10 नई परियोजनाओं का आज यहां पर शिलान्यास हुआ है… दिल्ली को 10 हजार कैमरों से जोड़ने के कार्यक्रम के प्रथम चरण में 2100 कैमरे लाइव जुड़ चुके हैं। दिल्ली में पहले से मौजूद 15 हजार से ज्यादा कैमरों को इसके साथ… https://t.co/mSMYpJMUjS pic.twitter.com/vZeDykpbIR
— ANI_HindiNews (@AHindinews) February 16, 2026
गृह मंत्री ने दिल्ली पुलिस की सराहना करते हुए कहा कि वह राष्ट्रीय राजधानी के सामने आने वाली चुनौतियों से सफलतापूर्वक निपटने में सक्षम रही है, जो देश के लोकतंत्र का दिल और उसके सम्मान एवं पहचान की प्रतीक है.
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