Tuesday, March 24, 2026
Homeभारतडूबे घर-मकान, अस्पतालों में भरा पानी, Cyclone बिपरजॉय से राजस्थान के रेगिस्तान...

डूबे घर-मकान, अस्पतालों में भरा पानी, Cyclone बिपरजॉय से राजस्थान के रेगिस्तान में सैलाब का मंज़र

राजस्थान में तूफानी बारिश से कई जिलों में सैलाब का संकट पैदा हो गया है. साइक्लोन बिपरजॉय के असर से हुई भीषण बारिश से कई जिलों में बाढ़ के हालात हैं. अजमेर से लेकर पाली तक के इलाके बारिश के पानी में डूब गए हैं. इस बीच मौसम विभाग (IMD) ने अभी बारिश से राहत नहीं मिलने की संभावना व्यक्त की है.

गुजरात के बाद चक्रवात बिपरजॉय का सबसे ज्यादा बुरा असर राजस्थान पर नजर आ रहा है. यहां के कई इलाकों में लगातार बारिश हो रही है. भारी बारिश के यहां के चलते नदी-नाले उफान पर हैं. जालोर में लगातार 36 घंटे की बरसात से हालात बिगड़ गए हैं. इसके अलावा सिरोही और बाड़मेर में भी बाढ़ जैसे हालात हैं.

साइक्लोन बिपरजॉय के असर से हुई भीषण बारिश में अजमेर से लेकर पाली तक के इलाके पानी में डूब गए हैं. इस बीच मौसम विभाग (IMD) ने अभी बारिश से राहत नहीं मिलने की संभावना व्यक्त की है. फिलहाल, राहत और बचाव कार्य टीम अति संवेदनशील इलाकों से लोगों को निकाल कर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा रही है.

जालोर के रानीवाड़ा के सुरावा का बांध टूटने से सांचौर शहर मे पानी घुस आया है. दुकानों में 5 से 6 फीट तक पानी भर गया. वहीं, अजमेर के अस्पतालों में लबालब पानी भरा दिख रहा है.. पाली, जोधपुर, सिरोही में बारिश की वजह से बड़ी बर्बादी हुई है. यहां के कई क्षेत्रों में बाढ़ की स्थिति बनी हुई है.

उफान पर हैं नदी-नाले

राजस्थान के आपदा एवं राहत सचिव पीसी किशन ने कहा कि बाड़मेर, जालौर और  सिरोही समेत राज्य के कई हिस्सों में अगले 15-20 घंटों में भारी बारिश का भी अलर्ट है. हमारी टीमें अलर्ट पर हैं.  पिंडवाड़ा, आबू रोड और रेवाड़ के कई बांध अब भर चुके हैं. नदी, नाले उफान पर हैं. सिरोही के बतिसा बांध का जलस्तर 315 मीटर है और बांध से पानी छोड़ा जा रहा है.

SourceAajtak
Jago India Jago
Jago India Jagohttp://jagoindiajago.news
Jago India Jago की एडिटोरियल टीम देश, दुनिया और राजस्थान की ताजा खबरों को सटीक, निष्पक्ष और भरोसेमंद अंदाज़ में पाठकों तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। राजनीति से लेकर धर्म, मनोरंजन, खेल, शिक्षा और तकनीक तक हर महत्वपूर्ण विषय पर तेज़ अपडेट और गहराई से विश्लेषण हमारा उद्देश्य है। हमारा प्रयास है कि हर खबर आपको जागरूक करे, जोड़े और सोचने पर मजबूर करे।
RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular