Varun Chakravarthy performance : नई दिल्ली। पूर्व भारतीय स्पिनर पीयूष चावला (Piyush Chawla) का मानना है कि रहस्यमयी स्पिनर वरुण चक्रवर्ती (Varun Chakraborty) को टी20 विश्व कप के पिछले दो मैचों में ‘बहुत फुल लेंथ या बहुत शॉर्ट लेंथ’ गेंद करने की कीमत चुकानी पड़ी है। पिछले दो मैच में चक्रवर्ती का प्रदर्शन अच्छा नहीं रहा। उन्होंने वेस्टइंडीज के खिलाफ 40 रन देकर एक विकेट जबकि इंग्लैंड के खिलाफ 64 रन देकर एक विकेट लिया। यह देखना बाकी है कि भारत रविवार को न्यूजीलैंड के खिलाफ होने वाले फाइनल में चक्रवर्ती को टीम में बनाए रखता है या उनकी जगह कुलदीप यादव (Kuldeep Yadav) को लेता है।
वरुण को लेकर पियूष चावला ने की बड़ी बात
चावला ने जिओ स्टार से कहा, मुझे लगता है कि कभी-कभी जब आप हताश हो जाते हैं या जब आप बहुत सारे प्रयोग करने की कोशिश करते हैं। आप आखिर में बहुत फुल लेंथ की गेंदें फेंकने लगते हैं और वरुण के साथ भी ठीक यही हो रहा है। उन्होंने कहा,‘‘उनका मजबूत पक्ष उस मुश्किल लेंथ पर गेंदबाजी करना है जो किसी स्पिनर के लिए अनुकूल होती है। उन्हें उस लेंथ पर गेंदबाजी नहीं करनी चाहिए जिस लेंथ पर तेज गेंदबाज करते हैं। एक स्पिनर के लिए अच्छी लेंथ वही होती है जहां से उसे घुटने की ऊंचाई तक उछाल मिले।

चावला ने कहा, उनकी गति के कारण अगर बल्लेबाज उनके हाथ की स्थिति को देखकर गेंद का अनुमान नहीं लगा पाता है तो उसे खेलना मुश्किल हो जाता है क्योंकि उनकी गति अच्छी है। भारत के लिए 25 वनडे, तीन टेस्ट और सात टी20 मैच खेल चुके 37 वर्षीय चावला ने कहा कि चक्रवर्ती जब अपनी लेंथ से चूक जाते हैं तो उनकी गेंदों पर रन बनने लग जाते हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘लेकिन जब आप थोड़े समय के लिए अपनी लेंथ पर गेंदबाजी नहीं कर पाते हैं तो आप प्रयोग करने लग जाते हैं। पिछले कुछ मैचों में वरुण चक्रवर्ती के साथ यही हो रहा है। वह या तो बहुत फुल लेंथ गेंद फेंक रहे हैं या बहुत शॉर्ट लेंथ की। इस तरह की गति के साथ जब पिच पर पर्याप्त उछाल नहीं होता है तो बल्लेबाज के लिए खेलना आसान हो जाता है।’’




