Iran Israel US War: डोनाल्ड ट्रंप के 2 से 3 हफ्तों में युद्ध खत्म होने वाले बयान पर ईरान की प्रतिक्रिया सामने आई है. ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने साफ शब्दों में कहा है कि अमेरिका पर उनका भरोसा पूरी तरह खत्म हो चुका है और मौजूदा हालात में किसी नई डील या बातचीत पर विश्वास करना मुश्किल है.
‘ईरान के पिछले अनुभव अच्छे नहीं रहे’
अराघची ने कहा कि अमेरिका के साथ ईरान के पिछले अनुभव अच्छे नहीं रहे हैं. उन्होंने स्पष्ट किया कि वॉशिंगटन ने पहले भी अपने वादों से पीछे हटकर भरोसा तोड़ा है, इसलिए अब किसी भी नए समझौते को लेकर ईरान सतर्क है.
2015 परमाणु समझौते का जिक्र
ईरानी विदेश मंत्री ने ईरान परमाणु समझौता 2015 का उदाहरण देते हुए कहा कि उस समय भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सहमति बनी थी, लेकिन बाद में अमेरिका ने खुद ही उस समझौते से बाहर निकलकर स्थिति को और जटिल बना दिया. इसी वजह से अब ईरान को अमेरिका की प्रतिबद्धताओं पर भरोसा नहीं रहा.
अमेरिका से सीधी बातचीत नहीं
अराघची ने यह भी बताया कि फिलहाल अमेरिका और ईरान के बीच सीधे तौर पर कोई बातचीत नहीं हो रही है. हालांकि, सहयोगी देशों के माध्यम से संदेशों का आदान-प्रदान जरूर जारी है. उन्होंने साफ किया कि इस तरह के संपर्क को औपचारिक बातचीत नहीं कहा जा सकता.
ट्रंप ने कही थी जंग जल्द खत्म होने की बात
इससे पहले ट्रंप ने मंगलवार को ईरान जंग जल्द खत्म होने की बात कही. उन्होंने कहा है कि अगले 2 से तीन हफ्ते में अमेरिका ईरान अपने सैन्य हमले रोक देगा. ट्रंप ने यह भी कहा कि जंग शुरू करने का जो मकसद था वो पूरा हो चुका है. इसीलिए अमेरिका अब इस लड़ाई को लंबा खींचने के पक्ष में नहीं है.



