Jaipur News: पुलिस मुख्यालय में मंत्रालयिक स्टाफ की कार्यक्षमता और व्यवहार में सकारात्मक बदलाव लाने के उद्देश्य से आयोजित दो दिवसीय विशेष प्रशिक्षण शिविर का समापन हो गया। 9 और 10 फरवरी को आयोजित इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में पुलिस विभाग के 100 से अधिक मंत्रालयिक कर्मचारियों ने भाग लिया, जहां उन्हें फाइल प्रबंधन के साथ साथ लोक व्यवहार, टीम वर्क और प्रभावी कार्यशैली के गुर सिखाए गए।
एक्टिविटी बेस्ड ट्रेनिंग से सीखे प्रभावशाली कौशल
उप महानिरीक्षक पुलिस ट्रेनिंग शरद चौधरी ने बताया कि यह प्रशिक्षण सत्र केवल व्याख्यान तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसे पूरी तरह एक्टिविटी बेस्ड रखा गया। मुख्य प्रशिक्षक शैलेंद्र सिंह चौहान ने विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से इन्फ्लुएंशियल स्किल्स के छह महत्वपूर्ण सिद्धांतों से कर्मचारियों को अवगत कराया। प्रशिक्षण के दौरान यह सिखाया गया कि किस तरह सकारात्मक व्यवहार के जरिए बेहतर तालमेल बनाकर एक टीम के रूप में प्रभावी ढंग से कार्य किया जा सकता है।
डीजी अनिल पालीवाल का संदेश: मोबाइल छोड़ें, किताबों से जुड़ें
समापन समारोह के मुख्य अतिथि महानिदेशक पुलिस ट्रेनिंग अनिल पालीवाल ने अपने संबोधन में आधुनिक जीवनशैली की चुनौतियों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कर्मचारियों से आह्वान किया कि खाली समय में मोबाइल फोन पर समय बिताने के बजाय किताबों को अपना मित्र बनाएं। उन्होंने कहा कि ज्ञान अर्जन के लिए निरंतर पढ़ना आवश्यक है और प्रशिक्षण में सीखी गई बातों को कार्यालयीन कार्यों में लागू किया जाना चाहिए।
टीम भावना और तनाव प्रबंधन पर फोकस
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन उप महानिरीक्षक शरद चौधरी के निर्देशन में संपन्न हुआ। यह सत्र पुलिस मुख्यालय और मैट्रिक्स ट्रेनिंग सॉल्यूशन के आपसी समन्वय से आयोजित किया गया। कार्यक्रम के अंत में प्रतिभागियों ने कहा कि इस तरह के प्रशिक्षण सत्र न केवल उनके कार्य करने के तरीके में सुधार लाएंगे, बल्कि तनाव कम करने और टीम भावना को मजबूत करने में भी सहायक सिद्ध होंगे।




