हल्दिया। पश्चिम बंगाल के हल्दिया में आयोजित जनसभा में Narendra Modi ने राज्य की जनता से भारतीय जनता पार्टी के पक्ष में समर्थन और जीत का आशीर्वाद मांगा। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि इस बार का चुनाव केवल सत्ता परिवर्तन का नहीं, बल्कि बंगाल की खोई हुई पहचान और विकास को फिर से स्थापित करने का अवसर है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि यह चुनाव विकसित बंगाल की मजबूत नींव रखने का निर्णायक मौका है, जिसकी शुरुआत मौजूदा सरकार को हटाने से होगी। उन्होंने स्वतंत्रता सेनानी Satish Chandra Samanta को याद करते हुए उनके संघर्ष और बलिदान को नमन किया और उसी धरती से राज्य के लोगों के लिए छह अहम वादे रखे।
अपने भाषण में उन्होंने पहली गारंटी के तौर पर कानून व्यवस्था को मजबूत कर लोगों में सुरक्षा और भरोसा लौटाने की बात कही। दूसरी गारंटी में उन्होंने सरकारी व्यवस्था को जनता के प्रति जवाबदेह बनाने का वादा किया। तीसरी गारंटी के तहत उन्होंने भ्रष्टाचार और महिलाओं के खिलाफ अपराधों से जुड़े मामलों की जांच को फिर से खोलने की बात कही।
चौथी गारंटी में उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और दोषियों को कानून के तहत सजा मिलेगी, चाहे वह किसी भी पद पर हो। पांचवीं गारंटी में उन्होंने शरणार्थियों को उनके अधिकार दिलाने और अवैध घुसपैठ पर सख्ती से रोक लगाने की बात कही। वहीं छठी गारंटी के रूप में उन्होंने राज्य के सरकारी कर्मचारियों और शिक्षकों के लिए सातवें वेतन आयोग को लागू करने का वादा किया।
जनता से अपील करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि इन वादों को ध्यान में रखते हुए 23 अप्रैल को अधिक से अधिक मतदान करें और हर बूथ पर भाजपा उम्मीदवारों को जीत दिलाएं। उन्होंने ‘सबका साथ, सबका विकास’ के अपने सिद्धांत को दोहराते हुए कहा कि विकास के साथ-साथ भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त कार्रवाई भी सुनिश्चित की जाएगी।
अपने संबोधन के अंत में उन्होंने कहा कि बंगाल की जनता बदलाव का मन बना चुकी है और यह चुनाव राज्य में नई दिशा तय करेगा, जहां विकास और सुशासन को प्राथमिकता दी जाएगी।



