वाशिंगटन। मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच ईरान और अमेरिका के बीच चल रहे संघर्ष ने नया मोड़ ले लिया है। ईरान ने दावा किया है कि उसने अलग-अलग हमलों में दो अमेरिकी सैन्य विमानों को मार गिराया है। इस घटना में एक अमेरिकी सैन्यकर्मी को सुरक्षित बचा लिया गया है, जबकि एक अन्य अभी भी लापता बताया जा रहा है। यह घटना उस युद्ध के दौरान पहली बार सामने आई है, जिसे अमेरिका और इजराइल ने करीब पांच सप्ताह पहले ईरान के खिलाफ शुरू किया था।
इससे ठीक दो दिन पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने राष्ट्र को संबोधित करते हुए कहा था कि अमेरिका ने ईरान को हरा दिया है और उसे पूरी तरह तबाह कर दिया है और अभियान को जल्द पूरा करने की बात कही थी। अमेरिकी सेना द्वारा उस लापता सैन्यकर्मी कि तलाश में व्यापक खोज और बचाव अभियान चलाया जा रहा है। हालांकि, इस पूरे घटनाक्रम पर व्हाइट हाउस और अमेरिकी रक्षा विभाग पंचकोण की ओर से अब तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
ट्रंप ने इस मुद्दे पर विस्तृत टिप्पणी करने से इनकार कर दिया, लेकिन साफ कहा कि इस घटना का ईरान के साथ संभावित वार्ता पर कोई असर नहीं पड़ेगा। उन्होंने कहा, यह युद्ध है, और इसका बातचीत से कोई लेना-देना नहीं है। जबकी, ईरा का दावा है कि फारस की खाड़ी में ईरानी रक्षा बलों के हमले के बाद अमेरिकी एफ-15, ए-10 हमलावर विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया।
दूसरी ओर, नाम न उजागर करने की शर्त पर एक अमेरिकी अधिकारी ने कहा कि अभी यह स्पष्ट नहीं है कि विमान तकनीकी कारणों से गिरा या उसे मार गिराया गया। साथ ही चालक दल की स्थिति और दुर्घटना का सटीक स्थान भी अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है। इस घटनाक्रम ने क्षेत्र में पहले से ही तनावपूर्ण हालात को और गंभीर बना दिया है, और आने वाले दिनों में इसके व्यापक असर देखने को मिल सकते हैं।



