Ajab Gajab : हरदोई। उत्तर प्रदेश के हरदोई जिले में एक पशुपालक ने अपनी दो बकरियों का ‘जन्मदिन’ धूमधाम से मनाया। ‘स्वीटी’ और ‘मोनिका’ का जन्मदिन कोई साधारण आयोजन नहीं था बल्कि इसमें पूरे रीति—रिवाज, भक्ति और भव्यता का संगम देखने को मिला। इस आयोजन की क्षेत्र में खासी चर्चा है। इसका वीडियो भी मौजूद है।
स्थानीय निवासी सोनू ने बताया कि सदर तहसील के गौरा डांडा गांव में रहने वाले पशुपालक लालाराम श्रीवास्तव ने बाकायदा निमंत्रण पत्र छपवाकर ग्रामीणों को आमंत्रित किया था। रविवार की रात जश्न की शुरुआत धार्मिक अनुष्ठानों से हुई, जिसमें रामायण और भागवत का पाठ किया गया। बकरियों को नहलाकर फूल मालाएं और नए ‘वस्त्र’ धारण कराये गये। उन्हें ‘बर्थ डे कैप’ पहनायी गयी और परम्परागत तरीके से केक भी काटा गया।
स्थानीय ग्रामीणों के मुताबिक, लालाराम ने आयोजन में कोई कमी नहीं रखी। बाकायदा डीजे का इंतजाम किया गया जिसकी धुनों पर गांव के बच्चे, युवा और बुजुर्ग जमकर थिरके। करीब 200 लोगों के लिए शानदार दावत का इंतजाम भी था। लालाराम का कहना है कि स्वीटी और मोनिका उनके परिवार का हिस्सा हैं, इसीलिये उनका जन्मदिन भी उतने ही खास तरीके से मनाया गया है।
डीजे की धुनों पर थिरके युवा
बकरियों के जन्मदिन पर माहौल तब और रंगीन हो गया जब डीजे की धुनों पर गांव के बच्चे,युवा और बुजुर्ग जमकर थिरके। दरअसल 14 फरवरी की रात लालाराम ने इस मौके पर करीब 200 लोगों के लिए शानदार दावत का इंतजाम किया था खास बात यह है कि पिछले साल भी उन्होंने इसी तरह 300 मेहमानों को बुलाकर जश्न मनाया था और 51 कन्याओं को भोज कराया था। ग्रामीण सोनू का कहना है कि यह केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि लालाराम के अटूट पशु-प्रेम की मिसाल है.स्वीटी और मोनिका उनके परिवार का हिस्सा हैं।आज के दौर में जहां लोग अपनों को भूल जाते हैं,वहीं लालाराम का यह अनोखा कदम समाज को बेजुबानों के प्रति संवेदनशीलता और प्रेम का बड़ा संदेश दे रहा है।




