Iran Israel US War: मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची का बड़ा बयान सामने आया है। उन्होंने अमेरिका को सीधी चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि जमीनी हमला किया गया तो ईरान उसका जवाब देने के लिए पूरी तरह तैयार है. ईरानी विदेश मंत्री ने यह भी साफ किया कि ईरान खुद जमीनी युद्ध नहीं चाहता. लेकिन अगर हालात मजबूर करते हैं तो देश पीछे नहीं हटेगा.
‘जमीनी हमला हुआ तो करारा जवाब देंगे’
अराघची ने स्पष्ट किया कि ईरान किसी भी संभावित जमीनी युद्ध के लिए तैयार है. उन्होंने कहा कि देश की सुरक्षा सर्वोपरि है और यदि उस पर खतरा आया तो ईरान हर संभव कदम उठाएगा. उनका यह बयान ऐसे समय आया है जब क्षेत्र में सैन्य गतिविधियां तेजी से बढ़ रही हैं. अराघची के मुताबिक, ईरान मौजूदा परिस्थितियों को देखते हुए अपनी रणनीति तय कर रहा है. उन्होंने कहा कि संघर्ष की दिशा हालात पर निर्भर करेगी और देश अपने हितों की रक्षा के लिए हर जरूरी कदम उठाने को तैयार है और जरूरत पड़ने पर 6 महीने तक जंग जारी रख सकता है.
अमेरिका पर पूरी तरह खत्म हो चुका भरोसा
इससे पहले उन्होंने ट्रंप के 2 से 3 हफ्तों में जंग खत्म करने वाले बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा था कि अमेरिका पर उनका भरोसा पूरी तरह खत्म हो चुका है. अमेरिका के साथ ईरान के पिछले अनुभव अच्छे नहीं रहे हैं. उन्होंने स्पष्ट किया कि वॉशिंगटन ने पहले भी अपने वादों से पीछे हटकर भरोसा तोड़ा है, इसलिए अब किसी भी नए समझौते को लेकर ईरान सतर्क है.
2015 परमाणु समझौते का जिक्र
ईरानी विदेश मंत्री ने ईरान परमाणु समझौता 2015 का उदाहरण देते हुए कहा कि उस समय भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सहमति बनी थी, लेकिन बाद में अमेरिका ने खुद ही उस समझौते से बाहर निकलकर स्थिति को और जटिल बना दिया. इसी वजह से अब ईरान को अमेरिका की प्रतिबद्धताओं पर भरोसा नहीं रहा.
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